चेन्नई विधानसभा में मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने कर्मचारियों के आंदोलन पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों की 95 से 99 प्रतिशत समस्याओं का समाधान कर दिया है और संवाद के जरिए आगे भी समाधान निकालती रहेगी। कर्मचारियों के आंदोलन पर मुख्यमंत्री का जवाब मुख्यमंत्री स्टालिन ने विधानसभा में स्पष्ट किया […]
चेन्नई विधानसभा में मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने कर्मचारियों के आंदोलन पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों की 95 से 99 प्रतिशत समस्याओं का समाधान कर दिया है और संवाद के जरिए आगे भी समाधान निकालती रहेगी।
मुख्यमंत्री स्टालिन ने विधानसभा में स्पष्ट किया कि उनकी द्रविड़ मॉडल सरकार राज्य कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि सरकार ने कर्मचारियों के अधिकारों का सम्मान किया और उनकी अधिकांश मांगें सुलझा दी हैं। स्टालिन ने कहा, “हमने कर्मचारियों के आंदोलनों को गंभीरता से लिया और बार-बार वार्ता की। हमने टेस्मा या एस्मा लागू नहीं किया, न रातोंरात गिरफ्तारियां हुईं, न ही किसी को जेल भेजा।”
मुख्यमंत्री ने पूर्व मुख्यमंत्री और विपक्ष के नेता पर निशाना साधते हुए कहा कि पिछली अन्नाद्रमुक सरकार के समय कर्मचारियों के वेतन को लेकर तुच्छ बातें कही गई थीं। उन्होंने कहा, “हम कर्मचारियों के आंदोलन को नजरअंदाज नहीं करेंगे, बल्कि लगातार संवाद कर समाधान निकालेंगे।”
विधानसभा में सदस्य तंगमणि ने कर्मचारियों के आंदोलन का मुद्दा उठाया था, जिसके जवाब में मुख्यमंत्री ने यह बयान दिया। स्टालिन ने दोहराया कि सरकार कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए लगातार संवाद करती रहेगी और समस्याओं का हल निकालना जारी रखेगी। उन्होंने कहा कि देश ने विपक्ष के नेता के पुराने बयानों को अब भी नहीं भुलाया है।