mp news: कलेक्टर ने एक साथ 8 बीएमओ (ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर) और 3 डॉक्टरों का वेतन काटने सहित वेतन वृद्धि रोकने के आदेश जारी किए हैं।
mp news: मध्यप्रदेश के छतरपुर में कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने बड़ा एक्शन लेते हुए 8 बीएमओ (ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर) और 3 डॉक्टरों का वेतन काटने सहित वेतन वृद्धि रोकने के आदेश जारी किए हैं। कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने छतरपुर जिला मुख्यालय स्थित जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक ली और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और डॉक्टरों के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य मानकों और सरकारी पोर्टल्स पर डेटा एंट्री में लगातार मिल रही शिकायतों और कम प्रगति को देखते हुए कलेक्टर ने ये एक्शन लिया।
कलेक्टर ने समीक्षा के दौरान पाया कि जिले में 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं के एचपीवी वैक्सीनेशन और गर्भवती महिलाओं में एनीमिया प्रबंधन की स्थिति संतोषजनक नहीं है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि ग्रामीण स्तर पर अमले को मोबिलाइज कर स्कूलों और आंगनवाड़ियों में प्राथमिकता से टीकाकरण कराया जाए। नौगांव, राजनगर और बड़ामलहरा ब्लॉक में टीकाकरण की धीमी गति पर कलेक्टर ने गहरी अप्रसन्नता व्यक्त की।
कलेक्टर ने यू-विन पोर्टल पर बच्चों के टीकाकरण की जानकारी 48 घंटे के भीतर दर्ज करने और एनसीडी स्क्रीनिंग की एंट्री बढ़ाने के सख्त निर्देश दिए। लवकुशनगर में सबसे कम एंट्री होने पर बीएमओ को एक सप्ताह का अल्टीमेटम दिया गया है। टीबी मुक्त अभियान को लेकर भी 100 दिन की कार्ययोजना पर सख्ती से काम करने के निर्देश दिए गए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ नमः शिवाय अरजरिया, सीएमएचओ डॉ. आरपी गुप्ता, डीपीएम राजेन्द्र खरे सहित जिले के सभी स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने 18 वर्ष से कम उम्र की महिलाओं के प्रसव के मामलों को गंभीरता से लेते हुए डीपीओ को निर्देश दिए कि वे संबंधित सीडीपीओ और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता से स्पष्टीकरण लें। शिशु मृत्यु दर की समीक्षा करते हुए उन्होंने वर्बल ऑटोप्सी पूरी न होने पर संबंधित विकासखंडों को नोटिस जारी जारी करने को कहा। हालांकि, एसएनसीयू में मृत्यु दर 10 प्रतिशत से घटकर 6.9 प्रतिशत होने पर उन्होंने टीम की सराहना भी की।