
Pandhurna News : फिल्म 'शोले' का वह दृश्य तो आपको याद ही होगा, जब वीरू अपनी मांग मनवाने के लिए पानी की टंकी पर चढ़ जाता है और मौसी को पुकारता है। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले से अलग हुए पांढुर्ना में शनिवार सुबह ठीक वैसा ही 'रियल लाइफ' ड्रामा देखने को मिला। फर्क सिर्फ इतना था कि यहाँ युवक पानी की टंकी नहीं, बल्कि बीएसएनएल के 130 फीट ऊँचे मोबाइल टावर पर चढ़ा था, और उसकी मांग' (पत्नी) को वापस लाने की थी।
शादी के महज ढाई महीने बाद पत्नी के मायके चले जाने और वापस न लौटने से नाराज होकर सावजपानी निवासी विजय बाबूराव तुमडाम (22) सुबह करीब 7 बजे टावर पर चढ़ गया। युवक को इतनी ऊंचाई पर देख हड़कंप मच गया। देखते ही देखते मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई और प्रशासन के हाथ-पांव फूल गए।
सूचना मिलते ही एसडीएम अलका एक्का, एडिशनल एसपी मनकामना प्रसाद, तहसीलदार और थाना प्रभारी दलबल के साथ मौके पर पहुँचे। अधिकारियों ने लाउडस्पीकर से विजय से नीचे उतरने की मिन्नतें कीं, लेकिन वह टस से मस नहीं हुआ। उसकी एक ही जिद थी पत्नी अंजली को बुलाओ।तनाव बढ़ता देख पुलिस तुरंत अंजली को मांगुरली (मायके) से बीएसएनएल दफ्तर लेकर आई। विजय टावर के ऊपर से ही अपनी दुखभरी कहानी सुनाता रहा। अंजली ने फोन पर कई बार साथ रहने का वादा किया और नीचे उतरने को कहा, लेकिन विजय लिखित आश्वासन पर अड़ गया।
करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद, जब विजय के पिता, माँ और बहन ने टावर के नीचे पहुँचकर भावनात्मक अपील की, तब उसका गुस्सा कुछ शांत हुआ। इसी बीच, खिलाड़ी संदीप खुरसंगे भी उसे उतारने के लिए टावर पर चढ़े। आखिरकार सुबह करीब 9.50 बजे, ढाई घंटे के 'हाईवोल्टेज ड्रामे' के बाद विजय नीचे उतरा। नीचे उतरते ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
पांढुर्ना के इस बीएसएनएल टावर पर चढ़ने की यह 10 दिनों में दूसरी बड़ी घटना है। इससे पहले 6 जुलाई को पश्चिम बंगाल निवासी एक 71 वर्षीय बुजुर्ग टावर पर चढ़ गए थे। बार-बार हो रही इन घटनाओं से नाराज प्रशासनिक अधिकारियों ने बीएसएनएल विभाग को कड़ी फटकार लगाई है। विभाग को तत्काल टावर परिसर के चारों ओर ऊँची फेंसिंग (कंटीले तार) लगाने और सुरक्षा पुख्ता करने के लिखित निर्देश दिए गए हैं, ताकि भविष्य में कोई सिरफिरा टावर पर न चढ़ सके।