अंधे हत्याकांड का बिछुआ पुलिस ने किया खुलासा, ग्राम गोनावाड़ी में खेत में बने कोठे में मिला था बुजुर्ग का शव
छिंदवाड़ा. बिछुआ थाना अंतर्गत ग्राम गोनावाड़ी में बुजुर्ग पतिराम (58) पिता मंगू परतेती का शव उसके खेत में बने मवेशियों के कोठे में मिला था। जिसके चेहरे, सिर व अन्य स्थानों पर चोट के निशान थे, पुलिस ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर हत्या का प्रकरण दर्ज कर जांच की तो बुजुर्ग का बड़ा बेटा बबलू परतेती (36) ही हत्या का आरोपी निकला है। पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर इस अंधे हत्याकांड का खुलासा किया है।
बिछुआ टीआई सतीश उइके ने बताया कि जांच में सामने आया कि पतिराम परतेती के दो बेटे है दोनों की शादी हो गई है तथा दोनों बेटों में जमीन व मकान का बंटवारा कर दिया तथा वह छोटे बेटे के साथ रह रहा था। लेकिन जमीन व मकान को लेकर दोनों बेटों व पिता में विवाद होता था, बडा बेटा बबलू परतेती जमीन बंटवारा को लेकर खुश नहीं था। जिसका विवाद तहसील न्यायालय बिछुआ में भी चल रहा था। 28 जनवरी 2026 को तहसील न्यायालय में पेशी थी तथा एक फरवरी की सुबह सात बजे मृतक अपने खेत में मवेशी के कोठे में था, इसी दौरान मृतक पतिराम का उसके बड़े बेटे बबलू परतेती से विवाद हो गया।
विवाद मारपीट में बदल गया और बबलू ने अपने पिता के साथ मारपीट करते हुए उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। पुलिस ने हत्या का प्रकरण दर्ज कर आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया तथा मंगलवार को उसको जेल पहुंचा दिया है। इस अंधेकत्ल के खुलासे में बिछुआ थाना प्रभारी सतीश उइके, एएसआई शिवशंकर सिंह, अजय सिंह बघेल, प्रधान आरक्षक प्रमोद कुमार धुर्वे, यशवंत मर्सकोले, राकेश उइके, आरक्षक राकेश सेवटकर की मुख्य भूमिका रही है।