
छिंदवाड़ा/नागपुर. अब सागौन के उपचारित बीज की बिक्री एफडीसीएम की ओर से एक कम्पनी माध्यम से ऑनलाइन की जाएगी। पेंच व्याघ्र प्रकल्प सिल्लारी में इस सुविधा का उद्घाटन वन व वित्त मंत्री सुधीर मुनगंटीवार के हाथों किया गया।
इस मौके पर वन मंत्री ने कहा कि प्रक्रियायुक्त सागौन का बीज अमेजान के माध्यम से ऑनलाइन बिक्री से विश्व बाजार में उपलब्ध कराया गया है। इस नए उपक्रम के माध्यम से पौधरोपण व प्रकृति का संवर्धन होगा। साथ ही वन विकास विभाग के प्रयत्न से स्थानीय लोगों को बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। इस अवसर पर विधायक मल्लिकार्जुन रेड्डी, अतिरिक्त मुख्य सचिव प्रवीण परदेशी, वन विभाग के सचिव विकास खारगे, एफडीसीएम के अध्यक्ष चंदनसिंह चंदेल, प्रधान मुख्य वन संरक्षक भगवान, व्यवस्थापकीय संचालक यूके अग्रवाल व अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
मुनगंटीवार ने कहा कि ऑनलाइन बीज उपलब्ध कराए जाने से देश ही नहीं बल्कि दुनियाभर में सागौन के बीज घर-घर तक पहुंच पाएंगे और इससे पौधारोपण में बढ़ोतरी होने से देश में वन खेती की उत्पादन क्षमता बढ़ाने में मदद मिलेगी। मुनगंटीवार ने कहा कि सागौन के बीजों की ऑनलाइन बिक्री की सफलता के बाद मधुमक्खी पालन केन्द्रों की संख्या बढ़ाने का कार्य किया जाएगा, जिससे शहद का उत्पादन बढ़े। इसी तरह बांबू रिसर्च एंड ट्रेनिंग सेंटर के माध्यम से बांबू से पर्यावरणपूरक उत्पाद निर्माण किया जाएगा। जिसकी ऑनलाइन बिक्री की व्यवस्था की जाएगी। इन नई योजनाओं के माध्यम से युवाओं और स्थानीय नागरिकों को रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। उन्होंने कहा कि विभाग विविध उपक्रम और योजना शुरू कर उत्पादन को बढ़ावा दे जिससे व्यावसायिक रूप प्रदान कर रोजगार के अवसर बढ़ाने में मदद मिलेगी। इस अवसर पर इको रिसाट्र्स पुस्तिका का विमोचन मुनगंटीवार के हाथों किया गया। सचिव विकास खारगे ने कहा कि सागौन के बीज और वन उपजों व उत्पादनों की ऑनलाइन बिक्री सुविधा से अंतरराष्ट्रीय बाजार प्राप्त होगा। देश में महाराष्ट्र राज्य वन विभाग द्वारा सबसे पहले उक्त सुविधा का शुभारंभ किया गया है जिससे अन्य राज्य भी प्रेरणा लेंगे।
स्वंतंत्र विदर्भ राज्य की मांग को लेकर बंद 11 दिसंबर को
नागपुर. विदर्भ राज्य आंदोलन समिति के बैनर तले 11 दिसंबर को पृथक विदर्भ की मांग को लेकर विदर्भ बंद रखने का निर्णय लिया गया है। समिति के मुख्य संयोजक राम नेवले ने बताया कि भाजपा विदर्भ की जनता को दिया गया वादा भूल गई है। इस मामले में नागपुर निवासी मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय सडक़ परिवहन मंत्री नितिन गडकरी मौनीबाबा बन गए हैं।
विदर्भ का राग अलाप-अलाप कर सत्ता में आई भाजपा पर अब विदर्भवादियों का विश्वास नहीं रहा है, इसीलिए समिति की ओर से अब विदर्भ बंद की तैयारी की जा रही है। चुनाव से पहले भाजपा के नेताओं ने बड़े-बड़े आश्वासन विदर्भ की जनता को दिए थे, उनमें से एक भी पूरा नहीं किया गया है। अब भाजपा नेताओं के सुर बदल गए हैं। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह कहते हैं कि विदर्भ पार्टी के एजेंडे में नहीं है।