क्षेत्र मावठ की बारिश के साथ ही रबी फसल के लिए अनुकूल बनें मौसम से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। तहसील क्षेत्र में बुधवार और गुरुवार की मध्य रात्रि हुई बारिश से किसानों को बड़ी रात मिली है। इससे पहले खेतों में सूखी मिट्टी उड़ती दिखाई देती रही थी वहीं अब मिट्टी में नमी लौट आई है।
चूरू. पौष शुक्ल पक्ष के उतरार्द्ध में अंचल के मौसम में आए बदलाव के साथ तीसरे दिन मौसम सर्द रहा। कूल बना मौसम रबी की फसल के लिए अनुकूल रहा। शुक्रवार को सुबह से आसमान में घटाटोप बादल छाए रहे। सूर्यदेव बादलों की ओट में खोए रहे तथा हवा शीतल होने से ठिठुरन रही। हालांकि न्यूनतम तापमापी पारा उछला लेकिन अधिकतम तापमान में गिरावट रही। जिससे दिनभर सर्दी के तेवर तीखे रहे।
जिलेभर में हुई मावठ से खेत हुए हरेभरे
साल के पहले दिन जिलेभर में मावठ की बारिश (Winter Rainfall) होने से रबी फसल को काफी लाभ पहुंचने की संभावना है। किसानों के अनुसार रबी फसल में बोई गई चने की फसल को इस बारिश से लाभ मिलेगा। इसके अलावा सरसो, गेंहू आदि फसलों को भी लाभ मिलेगा। किसानों का कहना है कि बारिश के बाद यदि पाळा नहीं पड़ता है तो फसलों के लिए अच्छा रहेगा। बूंटिया के शंकरलाल शर्मा ने बताया कि पौष में बारिश होना फसलों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। उन्होंने बताया कि इस बार की रबी सीजन की शुरुआत में बारिश होने से बारानी में चने की बुवाई अच्छी हुई है। अभी तक मौसम ठीक रहा है और पौष में बारिश के बाद माघ माह में मौसम अनुकूल रहा तो रबी की फसल का उत्पादन अच्छा होगा।
मावठ की बारिश फसलों के लिए है अमृत
सरदारशहर. क्षेत्र मावठ की बारिश के साथ ही रबी फसल के लिए अनुकूल बनें मौसम से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। तहसील क्षेत्र में बुधवार और गुरुवार की मध्य रात्रि हुई बारिश से किसानों को बड़ी रात मिली है। इससे पहले खेतों में सूखी मिट्टी उड़ती दिखाई देती रही थी वहीं अब मिट्टी में नमी लौट आई है। किसान श्योकरण पोटलिया ने यह मावठ की बारिश रबी फसलों के लिए अमृत के समान है। विशेष रूप से सरसों, गेहूं और चना की फसलों को इस बारिश से फायदा मिलेगा।सरसों की फसल में जहां दाने भरने में मदद मिलेगी, वहीं गेहूं और चना की बढ़वार तेज होगी।
किसान धनराज प्रजापत ने बताया कि बारिश से न केवल फसलों को नया जीवनदान मिला है, बल्कि किसानों की चिंता भी कुछ हद तक कम हुई है। बारिश से तापमान में गिरावट आई है तथा सर्दी का मौसम फसलों के लिए अनुकूल बना है। मौसम जानकारों के अनुसार यदि आने वाले कुछ दिनों में मौसम इसी तरह अनुकूल बना रहता है, तो इस वर्ष रबी फसलों का उत्पादन बेहतर रहने की पूरी उम्मीद है। यह बारिश न केवल खेतों के लिए बल्कि किसानों की उम्मीदों के लिए भी नई ऊर्जा लेकर आई है।