
नई दिल्ली । भारतीय टीम में आते ही पृथ्वी शॉ ने कुछ शानदार पारियां खेली और उन्हें इस शानदार प्रदर्शन का फायदा भी मिला । वो टेस्ट टीम में अपनी जगह लगभग पक्की कर चुके हैं । शॉ ने पहली बार सुर्खिया तब बटोरी थी जब उन्होंने 14 साल की उम्र में 546 रनों की पारी खेल डाली थी । तब क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर को उनमें अपनी झलक दिखी थी । अब एक बार फिर कुछ ऐसा ही देखने को मिला है । प्रियांशु मोलिया एक 14 साल के बच्चे ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से सबका ध्यान खींचा है ।
खेल डाली मैराथॉन पारी-
1983 वर्ल्ड कप विजेता टीम के हीरो मोहिंदर अमरनाथ की शागिर्दगी में क्रिकेट की बारीकियां सीख रहे मोलिया ने दोदिवसीय अंडर-14 टूर्नमेंट में एक कारनामा कर दिखाया है। और इसी के साथ पृथ्वी शॉ के बाद प्रियांशु मोलिया के रूप में भारत को क्रिकेट का एक नया वंडरकिड मिल चुका है। वडोदरा क्रिकेट अकैडमी के ग्राउंड में श्री डी. के. गायकवाड़ अंडर-14 टूर्नमेंट के मैच में मोहिंदर लाला अमरनाथ क्रिकेट अकैडमी की तरफ से खेलते हुए मोलिया ने योगी क्रिकेट एकेडमी के खिलाफ 556 रनों की शानदार पारी खेली। इस पारी के दौरान उन्होंने कई रिकॉर्ड्स तोड़े और बनाये । प्रियांशु ने अपनी पारी में 98 चौके जड़े। हालांकि उनके बल्ले से एक ही 6 निकल पाया। प्रियांशु की इस पारी से अमरनाथ एकेडमी ने योगी क्रिकेट एकेडमी को पारी और 690 रनों से रौंद डाला ।
गेंद और बल्ले दोनों से किया कमाल-
बल्लेबाजी से शानदार प्रदर्शन करने से पहले प्रियांशु ने गेंदबाजी में भी कमाल किया । शानदार प्रदर्शन करते हुए उन्होंने 4 विकेट झटके।योगी क्रिकेट एकेडमी को पहली पारी को 52 रनों पर समेटने के बाद अमरनाथ क्रिकेट एकेडमी ने प्रियांशु की 319 गेंदों वाली मैराथॉन पारी की बदौलत 4 विकेट पर 826 रन बनाकर पारी घोषित की। इसके बाद योगी एकेडमी की दूसरी पारी 84 रनों पर ढेर हुई। प्रियांशु ने दोहरा प्रदर्शन करते हुए अपनी ऑफ स्पिन के सहारे पहली पारी में 4 और दूसरी पारी में 2 विकेट चटकाए।