जो रिकॉर्ड आज तक सचिन, कोहली समेत तमाम दिग्गजों के लिए चुनौती बनी थी, उसे अफगानिस्तान के इस बल्लेबाज ने पीछे छोड़ दिया।
नई दिल्ली। क्रिकेट रोज नए रिकॉर्ड बनते रहते है। लेकिन एक रिकॉर्ड ऐसा भी था, जिस तक लंबे समय से कोई बल्लेबाज नहीं पहुंच सका था। ये रिकॉर्ड है, सर डॉन ब्रैडमैन का। आस्ट्रेलियाई दिग्गज सर डॉन ब्रैडमैन के नाम पर सर्वाधिक औसत के साथ बल्लेबाजी करने का रिकॉर्ड दर्ज हैं। ब्रैडमैन ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 99.94 की औसत से रन बनाए। यह रिकॉर्ड जितना बड़ा है, उतना ही पुराना। ब्रैडमैन के बाद क्रिकेट में सुनील गावस्कर , सचिन तेंदुलकर , रिकी पोटिंग, हाशिम अमला, ग्रीम स्मिथ, विराट कोहली , स्टीव स्मिथ, रोहित शर्मा जैसे कई विस्फोटक और प्रतिभा के धनी बल्लेबाज आए, लेकिन बैडमैन की रिकॉर्ड के आस-पास पहुंचने में कोई भी सफल नहीं हो पाया। लेकिन ब्रैडमैन के इस ऐतिहासिक कीर्तिमान को अफगानिस्तान के एक युवा बल्लेबाज ने तोड़ दिया है। अफगानिस्तान के बशीर शाह ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 121.77 की औसत से रन बनाते हुए बैडमैन को दूसरे स्थान पर ला दिया है।
120 से ज्यादा की औसत से पूरा किया हजार रन
बहीर शाह अभी 18 साल के हैं। लेकिन क्रिकेट के मैदान पर उनकी बल्लेबाजी रोज नया रिकॉर्ड बना रही है। बहीर अभी तक 7 प्रथम श्रेणी मैच खेल चुके हैं। इन सात मैचों में वे 5 शतक, दो अर्धशतक की बदौलत 1096 रन बना चुके हैं। इन सात मैचों में बहीर के बल्ले से 147 चौके व 3 सिक्स भी निकल चुके है।
पहले मैच में ही 256 रनों की पारी
बहीर ने अपने डेब्यू मैच में ही 256 रनों की नाबाद पारी खेली। जिसके एक मैच बाद वे दोनों पारियों में शतक बनाने में सफल रहे। अपनी तीसरी ही पारी में बहीर शाह ने तिहरा शतक ठोक दिया था। सबसे कम उम्र में तिहरा शतक ठोकने के मामले में वह दूसरे नंबर के बल्लेबाज बन गए हैं। इस मैच में बहीर शाह ने 303 रनों की पारी खेली।
अंडर 19 विश्व कप की अफगान टीम में शामिल
बशीर शाह इस समय न्यूजीलैंड में अफगानिस्तान क्रिकेट टीम के साथ हैं। बता दें कि साल 2018 का अंडर 19 विश्व कप न्यूजीलैंड में खेला जाना है। जिसके लिए सभी टीमे वहां पहुंच चुकी है। बशीर शाह जिस तेजी के साथ रन बना रहे है, उससे अफगान टीम को उनसे काफी उम्मीदे है।
हाशिम अमला हैं बहीर के आदर्श
बहीर शाह दक्षिण अफ्रीका के कलात्मक बल्लेबाज हाशिम अमला को अपना आदर्श मानते हैं। उनका मानना है कि अमला कठिन से कठिन समय में भी काफी शांत तरीके से खेलते हैं। बहीर की बल्लेबाजी भी हाशिम अमला से प्रभावित दिखती है। अपने तिहरे शतक की पारी के दौरान बहीर लगातार दो दिनों तक खेलते रहे।