क्रिकेट

डेवोन कॉनवे और सोफी एक्लेस्टोन बने आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ

बायें हाथ की स्पिनर एक्लेस्टोन इंग्लैंड की दूसरी महिला खिलाड़ी हैं, जिन्हें यह पुरस्कार मिला है। इससे पहले इंग्लैंड की टैमी ब्यूमोंट को फरवरी में आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ चुना गया था।
2 min read
• •
Updated: 12 Jul 2021, 2:09 PM IST
devon_conway_and_sophie_ecclestone.png

भारतीय महिला क्रिकेट की युवा बल्लेबाज शेफाली वर्मा और ऑलराउंडर स्नेह राणा को पीछे छोड़कर इंग्लैंड की स्पिनर सोफी एक्लेस्टोन को आईसीसी ने प्लेयर ऑफ द मंथ चुनी गई हैं। सोफी को जून महीने के लिए आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) की सर्वश्रेष्ठ महिला खिलाड़ी चुना गया। वहीं पुरुष वर्ग में यह पुरस्कार न्यूजीलैंड के सलामी बल्लेबाज डेवोन कॉनवे को दिया गया है। बायें हाथ की स्पिनर एक्लेस्टोन इंग्लैंड की दूसरी महिला खिलाड़ी हैं, जिन्हें यह पुरस्कार मिला है। इससे पहले इंग्लैंड की टैमी ब्यूमोंट को फरवरी में आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ चुना गया था।

भारत के खिलाफ टेस्ट मैच की सबसे सफल गेंदबाज
सोफी एक्लेस्टोन ने हाल ही भारत के खिलाफ ब्रिस्टल में खेले गए एकमात्र टेस्ट मैच में बेहतरीन प्रदर्शन किया था। वह इस मैच की सबसे सफल गेंदबाजी रही थीं और इस मैच में उन्होंने आठ विकेट चटकाए थे। इसके बाद उन्होंने दो वनडे में भी तीन-तीन विकेट हासिल किये थे। सोफी ने एक बयान में कहा कि उन्हें पुरस्कार जीतकर वास्तव में अच्छा लग रहा है। इस दौर में वह तीन प्रारूपों में खेली थीं और यह बहुत अच्छा अहसास है कि टेस्ट और सीमित ओवरों की श्रृंखला में उनके प्रदर्शन को सम्मान मिला।

शेफाली और स्नेह राणा भी थीं रेस में
आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ की रेस में टीम इंडिया की दो खिलाड़ी शेफाली वर्मा और स्नेह राणा भी थीं। शेफाली ने अपने टेस्ट डेब्यू में 96 और 63 रन की पारियां खेली और फिर दो वनडे में भी अच्छा योगदान दिया था। वहीं स्नेह राणा ने टेस्ट मैच की दूसरी पारी में नाबाद 80 रन बनाकर भारत को हार से बचाया था। इसके अलावा राणा ने चार विकेट भी लिए थे।

डेवोन कॉनवे पुरुष वर्ग में चुने गए
आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ की पुरुष श्रेणी में यह पुरस्कार न्यूजीलैंड टीम के डेवोन कॉनवे को मिला। कॉनवे यह पुरस्कार हासिल करने वाले न्यूजीलैंड के पहले खिलाड़ी बने। कॉनवे ने टेस्ट क्रिकेट के अपने पहले ही महीने में बेहतरीन प्रदर्शन किया था। उन्होंने लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ अपने डेब्यू टेस्ट में दोहरा शतक लगाया। इसके अलावा डब्ल्यूटीसी फाइनल और इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट मैच में उन्होंने अर्धशतक लगाया था। कॉनवे ने कहा कि यह अवॉर्ड पाकर वह सम्मानित महसूस कर रहे हैं। टेस्ट क्रिकेट में अपने प्रदर्शन के आधार पर उन्हें यह पुरस्कार मिला जो उनके लिए विशेष है।

Updated on:
12 Jul 2021, 2:09 PM IST
Published on: