South Africa coach used 'Grovel' for India: साउथ अफ्रीका के हेड कोच शुकरी कॉनराड ने भारत के लिए एक आपत्तिजनक शब्द का इस्तेमाल कर 49 साल पहले हुए विवाद की यादें ताजा कर दी हैं। जब इंग्लैंड के कप्तान टोनी ग्रेग ने वेस्टइंडीज के लिए 'गिड़गिड़ाने' वाले शब्द का उपयोग किया था।
South Africa coach used 'Grovel' for India: साउथ अफ्रीका टीम के हेड कोच शुकरी कॉनराड ने मंगलवार को गुवाहाटी में दूसरे टेस्ट के चौथे दिन भारत को 'गिड़गिड़ाने' पर मजबूर करने वाला बयान देकर एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। गुवाहाटी में साउथ अफ्रीका ने अपनी दूसरी पारी में 80 से अधिक ओवर बल्लेबाजी करते हुए भारत के खिलाफ 548 रन की बढ़त के साथ अपनी पारी घोषित कर दी। चौथे दिन स्टंप तक भारत ने 27 के स्कोर पर दो विकेट गंवा दिए। अब 5वें दिन भारत को जीत के लिए 522 रनों की दरकार है तो प्रोटियाज को 8 विकेट की जरुरत है।
शुकरी कॉनराड ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हम चाहते थे कि भारत मैदान में अधिक से अधिक समय अपने पैरों पर खड़ा रहे। हम चाहते थे कि वे सच में गिड़गिड़ाएं। हम उन्हें पूरी तरह से गेम से बाहर कर दें और फिर उनसे कहें कि आओ और आज शाम आखिरी दिन और एक घंटे तक टिके रहो।
बता दें कि शुकरी ने भारत के लिए ग्रोवेल (गिड़गिड़ाना) शब्द का इस्तेमाल किया है, जिसे 'नस्लीय' टिप्पणी भी माना जाता है। इसका कनेक्शन 49 साल पुराने विवाद से जुड़ा है। जब इंग्लैंड के महान कप्तान टोनी ग्रेग ने विंडीज के लिए ऐसा कहा था।
1976 में इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज खेली थी। वेस्टइंडीज ऑस्ट्रेलिया में 5-1 से हारने के बाद उस सीरीज में उतरी थी और इंग्लैंड के कप्तान टोनी ग्रेग ने नतीजे को लेकर बीबीसी के एक इंटरव्यू में ग्रोवेल शब्द का इस्तेमाल कर विवाद खड़ा कर दिया था।
उन्होंने कहा था कि मुझे सच में यकीन नहीं है कि वे उतने अच्छे हैं, जितना सब सोचते हैं। ईएसपीएनक्रिकइंफो के अनुसार, ग्रेग ने कहा था कि ये लोग, अगर टॉप पर होते हैं तो वे शानदार क्रिकेटर होते हैं। लेकिन, अगर वे नीचे होते हैं तो वे गिड़गिड़ाते हैं और मेरा इरादा है कि ब्रायन क्लोज और कुछ और प्लेयर्स की मदद से उन्हें गिड़गिड़ाने पर मजबूर कर दूं।
इंग्लैंड के कप्तान द्वारा इस तरह का शब्द का उपयोग करने से वेस्टइंडीज की टीम और फैंस काफी नाराज हो गए थे। इसके बाद कई लोगों ने ग्रेग पर रेसिज़्म का आरोप लगाया। वेस्टइंडीज क्रिकेट टीम के कप्तान क्लाइव लॉयड ने कहा कि 'ग्रोवेल' शब्द किसी भी काले आदमी का ब्लड प्रेशर बढ़ाने वाला है।
उन्होंने कहा कि इसका इस्तेमाल एक गोरे साउथ अफ्रीकन ने किया है, इससे यह और भी बुरा हो गया। हम गुस्से में थे और हर जगह वेस्ट इंडियंस गुस्से में थे। हमने उसे और बाकी सभी को यह दिखाने का फैसला किया कि गिड़गिड़ाने के दिन अब खत्म हो गए हैं।
दरअसल, ग्रेग के इस बयान से इंग्लैंड के कुछ खिलाड़ी भी खुश नहीं थे और आखिर में ग्रेग ने लंदन के एक रेडियो स्टेशन पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगते हुए कहा कि मैं एक प्रेसमैन का सपना हूं, अगर आप मुझसे अधिक देर तक बात करेंगे तो मैं कुछ विवादित कह दूंगा। मैं किसी को नाराज कर दूंगा और खुद भी मुश्किल में पड़ जाऊंगा। 'ग्रोवेल' बस इसी का एक उदाहरण था।
बता दें कि इंग्लैंड और वेस्टइंडीज की पांच मैचों की उस टेस्ट सीरीज के पहले दो मैच ड्रॉ रहे। इसके बाद कैरेबियाई टीम ने लगातार तीन मैच जीतकर सीरीज पर 3-0 से कब्जा जमाया। उस दौरान मैदान पर फैंस ने ग्रेग का मजाक भी उड़ाया था। वह ग्रेग को नीचा दिखाने के लिए घुटनों के बल बैठकर भीड़ के सामने गिड़गिड़ाए भी थे।