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IND vs SL: ‘मैच हारने के लिए एक बेवकूफी काफी है’, श्रीलंका के खिलाफ सीरीज खत्म होते ही ऋषभ पंत पर भड़के आर अश्विन

Rishabh Pant vs Sri Lanka: श्रीलंका के खिलाफ 2 टेस्ट मैचों की सीरीज में टीम इंडिया के विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने 168 रन बनाए लेकिन ज्यादातर वह खराब शॉट खेलकर आउट हुए।
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Updated: 28 Aug 2026, 2:29 PM IST
Rishabh Pant
ऋषभ पंत (फोटो- IANS)

R Ashwin on Rishabh Pant: कोलंबो में खेला गया भारत और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज का दूसरा मुकाबला ड्रॉ हो गया। इस मुकाबले में टीम इंडिया की जीत की उम्मीद की जा रही थी लेकिन श्रीलंकाई बल्लेबाज सोनल दिनुषा की शानदार शतकीय पारी ने मैच का रुख ही पलट दिया और टीम इंडिया को ड्रॉ से संतोष करना पड़ा। इस रिजल्ट के बाद पूर्व क्रिकेटर्स ने शुभमन गिल की कप्तानी पर सवाल खड़े करने शुरू कर दिए हैं, तो वहीं टीम इंडिया के पूर्व ऑफ स्पिनर आर अश्विन ने ऋषभ पंत की जमकर आलोचना की है।

पंत के शॉट सिलेक्शन से अश्विन नाराज

रविचंद्रन अश्विन ने ऋषभ पंत के खराब शॉट सिलेक्शन को लेकर नाराजगी जाहिर की है। श्रीलंका के खिलाफ दो मैचों की टेस्ट सीरीज में पंत ने 168 रन बनाए। पंत तेजी से रन बटोरने की कोशिश में हर बार खराब शॉट खेलकर पवेलियन लौटे। अश्विन ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, "ऋषभ पंत मेरी उम्मीदों पर अब तक खरे नहीं उतरे हैं। मुझे बहुत अफसोस है। सोनल दिनुषा का स्ट्राइक रेट बहुत अच्छा था। हालांकि, फर्क हाई-रिस्क विकल्प का है। जब गेम आपके हाथ में होता है, तो ये सब बातें होती हैं कि ऋषभ ऐसे ही खेलते हैं।' लेकिन आपकी टीम को क्या चाहिए, उस हिसाब से खेलने की जरूरत होती है।"

अश्विन ने आगे कहा, "सिडनी और ब्रिस्बेन में ऋषभ ने शानदार पारी खेली, लेकिन वॉशिंगटन सुंदर और शार्दुल ठाकुर के बिना आप वह मैच नहीं जीत सकते थे। टेस्ट मैच खेलने और उसे खेल के आखिरी सेशन में जीतने के लिए 11 क्रिकेटरों की जरूरत होती है, लेकिन टेस्ट मैच हारने के लिए बस एक पल की बेवकूफी ही काफी है।"

पंत को दी अश्विन ने सलाह

अश्विन ने कहा भारतीय-विकेटकीपर बल्लेबाज को मैच की परिस्थिति को समझकर बल्लेबाजी करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा, "मैं बस उन मौकों की बात कर रहा हूं जब गेम दांव पर होता है और ऐसे रिस्क लिए जाते हैं। मुझे ऋषभ एक खिलाड़ी के तौर पर बहुत पसंद हैं। बात इस फॉर्मेट में हालात के हिसाब से खेलने की है। सहवाग और गिलक्रिस्ट ने शानदार क्रिकेट खेला, लेकिन वे तब मिचेल जॉनसन के खिलाफ आगे बढ़कर शॉट खेलने की कोशिश में आउट नहीं होते थे जब उनकी टीम 500 रन पीछे हो।"

अश्विन ने कहा, "किसी एक खिलाड़ी को खास ट्रीटमेंट न दें। अगर आप 'पीढ़ी में एक बार' आने वाले खिलाड़ी को सपोर्ट कर रहे हैं, तो यह सपोर्ट सभी को दें। जायसवाल भी ऐसे ही खिलाड़ी हैं। उन्हें जिम्मेदारी लेनी चाहिए। 'पीढ़ी में एक बार' वाला तर्क न दें। उनके फैसले लेने के तरीके की वजह से ही वह बाकी दो फॉर्मेट नहीं खेल रहे हैं। जिस दिन आप उन्हें सच बताएंगे, वह भारत के लिए तीनों फॉर्मेट के खिलाड़ी बन जाएंगे।"

Updated on:
28 Aug 2026, 2:29 PM IST
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