
नई दिल्ली। भारत के कप्तान विराट कोहली और मुख्य कोच रवि शास्त्री ने गुरुवार को कहा कि अंबाती रायडू नंबर चार पर एक बल्लेबाज के रूप में और खलील अहमद एक तेज गेंदबाज के रूप में वेस्टइंडीज के खिलाफ समाप्त हुई वनडे सीरीज की सबसे बड़ी खोज हैं। कोहली ने यहां एकदिवसीय मैच के बाद कहा, "मैं दो क्षेत्रों के बारे में सोच सकता हूं। तीसरे सीमर के रूप में खलील ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। भगवान न करे, अगर भुवी या बुमराह को कुछ होता है तो खलील का टीम में होना अच्छा है। वो विकेट ले सकते हैं। रायडू ने भी नंबर चार पर जिम्मेदारी के साथ खेला है। दो क्षेत्रों पर हमारी नजर थी (सीरीज से पहले) और हमें दो विकल्प मिले हैं।" दोनो टीमों के बीच तीन मैचों की टी-20 सीरीज का आगाज रविवार को होगा।
शास्त्री ने की रायडू की तारीफ-
शास्त्री ने भी कप्तान की बात को ही दोहराया। शास्त्री ने कहा, "मैं रायडू से बहुत खुश हूं। टीम में कुछ साल बाद वापसी करना आसान नहीं होता। आप खुद को व्यक्त कर सकते हैं लेकिन फिर भी आप आपने कदम पीछे खींच कर रखते हैं क्योंकि कुछ खराब प्रदर्शन से आप टीम में अपनी जगह खो सकते हैं। उन्होंने दबाव को अच्छे से झेला और आखिरी मैच में बेहतरीन प्रदर्शन किया।"
खलील के तारीफ में बोले शास्त्री-
उन्होंने तेज गेंदबाज खलील की भी तारीफ की। शास्त्री ने कहा, "बाएं हाथ के गेंदबाज उपयोगी साबित हो सकते हैं। खलील युवा हैं, उनके पास अनुभव की कमी है लेकिन उनके पास विविधता है और आक्रामकता है। वह अपनी रफ्तार बढ़ा लें तो फिर बहुत प्रभावशाली साबित होंगे।"
खलील व रायडू का सीरीज में प्रदर्शन-
इस सीरीज में भारत दो समस्याओं का हल ढूंढने उतरा था। पहला चौथे नंबर का बल्लेबाज और दूसरा तीसरा तेज गेंदबाज। यह दोनों ही समस्याएं रायडू और खलील ने दूर कर दी हैं। रायडू ने भारत के लिए 4 पारियों में 72.33 की औसत से 217 रन बनाए। इन रनों को बनाने के लिए उनका स्ट्राइक रेट(101.40) भी शानदार रहा। उन्होंने सीरीज में 1 शतक और एक अर्धशतक बनाया। इसके साथ ही बाए हाथ के तेज गेंदबाएज खलील ने 4 मैचों में 7 विकेट झटके। तेज गेंदबाजों में वह सर्वाधिक विकेट लेने वाले गेंदबाज रहे। उन्होंने 5.34 की इकॉनमी से रन खर्चे और 24.43 की शानदार औसत से विकेट झटके।