
India wtc 2025-27 final scenario ahead of Sri Lanka test: भारतीय टीम फिलहाल आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025-27 (WTC) की पाइंट्स टेबल में 9 मैचों के बाद चार जीत और चार हार के साथ पांचवें पायदान पर है। भारत के पूर्व ओपनर और एक्सपर्ट आकाश चोपड़ा का मानना है कि डब्ल्यूटीसी के फाइनल में पहुंचने की भारत की उम्मीदें श्रीलंका के खिलाफ आगामी दो टेस्ट मैचों की सीरीज पर काफी हद तक निर्भर करती हैं। इस सीरीज के नतीजे किस तरह से भारत की उम्मीदों पर असर डालेंगे? इसको लेकर उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा टीम इंडिया फाइनल मुकाबले की दौड़ में मुश्किल स्थिति में है।
15 अगस्त से भारत और श्रीलंका टेस्ट सीरीज का आगाज होने जा रहा है। मौजूदा डब्ल्यूटीसी चक्र में भारत पॉइंट्स परसेंटेज (PCT) 48.15 के साथ पांचवें स्थान पर है। जबकि श्रीलंका की टीम उसके ठीक नीचे छठे पायदान पर है। श्रीलंका ने अब तक एक जीत, एक हार और दो ड्रॉ खेले हैं और उसका पीसीटी 41.67 है।
चोपड़ा ने अपने यूट्यूब चैनल पर बताया कि दो मैचों की सीरीज के नतीजे के आधार पर स्टैंडिंग में कितना बड़ा बदलाव हो सकता है? उन्होंने कहा कि टीम इंडिया की 2-0 से हार उनके क्वालीफिकेशन की उम्मीदों को बेहद कम कर देगी, जबकि श्रीलंका के चांस बढ़ जाएंगे। उन्होंने कहा कि अगर हम 2-0 से हारते हैं तो हम सिर्फ 39 परसेंटेज पॉइंट्स पर रहेंगे और श्रीलंका 61 परसेंटेज पॉइंट्स के साथ नंबर-4 पर पहुंच जाएगा। नहीं, तो उनके लिए बहुत दूर की कहानी होगी।
उन्होंने आगे बताया कि अगर हम क्लीन स्वीप यानी सीरीज 2-0 से जीतते हैं, तो हम 57.58 परसेंटेज पॉइंट्स पर पहुंच जाएंगे। इस तरह हमें थोड़ा फायदा होगा। वहीं, अगर हम सीरीज 1-1 से ड्रॉ करते हैं, तो हमें कुछ फायदा नहीं होगा, क्योंकि हम 48.48 पर होंगे और श्रीलंका 44.44 पर होगा। इस तरह पोजीशन वैसी ही रहेगी।
चोपड़ा ने इसके साथ ही भारत के बाकी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप शेड्यूल की मुश्किलों पर भी प्रकाश डाला। श्रीलंका सीरीज के बाद भारत अगले साल की शुरुआत में ऑस्ट्रेलिया के साथ पांच टेस्ट मैचों की सीरीज खेलने से पहले दो टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए न्यूज़ीलैंड जाएगा। चोपड़ा ने कहा कि न्यूज़ीलैंड में हमारी दो मैचों की सीरीज है, जहां जीतना मुश्किल है। अगर आप एक मैच भी हार जाते हैं, तो आप 50 परसेंट पॉइंट खो देते हैं। यह मुश्किल होने वाला है और उसके बाद, भारत में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पांच मैच हैं।
बता दें कि भारत ने एमएस धोनी की अगुवाई में 2008-09 के दौरे के बाद से न्यूजीलैंड में कोई टेस्ट सीरीज नहीं जीती है और कुल मिलाकर वहां सिर्फ दो सीरीज जीती हैं। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू सीरीज में भी भारत की परीक्षा होने की उम्मीद है। भारत को न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका ने लगातार घरेलू सीरीज में हराया है। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया का सामना करना आसान नहीं होगा।