
Indian Cricketers tattoo love: भारत के स्टार क्रिकेटर विराट कोहली, टी-20 कप्तान सूर्यकुमार यादव और ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या के टैटू प्रेम से तो हर कोई परिचित है, लेकिन हमारी महिला क्रिकेटर भी इस मामले में उनसे पीछे नहीं हैं। 30 सितंबर से भारत और श्रीलंका की संयुक्त मेजबानी में शुरू होने जा रहे आइसीसी महिला वनडे विश्व कप से पहले भारतीय टीम की स्टार खिलाडि़यों ने अपने टैटू और उसे बनवाने के पीछे की वजह का खुलासा किया है। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आखिरी वनडे मैच में 72 रन बनाने वाली दीप्ति शर्मा, स्नेह राणा और रिचा घोष ने अपने टैटू से जुड़े दिलचस्प किस्से साझा किए हैं।
ऑलराउंडर दीप्ति ने बताया कि विपरीत परिस्थतियों में बाएं हाथ पर बने हनुमानजी के टैटू से उन्हें ताकत और प्रेरणा मिलती है। दीप्ति ने बताया, मैंने अपने बाएं हाथ पर हनुमानजी का टैटू बनवा रखा है। जब भी जीवन में उतार चढाव आते हैं तो वह मुझे शक्ति देते हैं। मैच के दौरान जब मुझे कुछ समझ में नहीं आता कि क्या करूं तो उनके बारे में सोचती हूं। इससे मुझे शक्ति और आगे के बारे में सकारात्मक सोच मिलती है।
भारतीय स्पिनर स्नेह राणा ने भी दो टैटू बना रखे हैं जिनमें से पहले पर ‘विरोधी’ और दूसरे पर ‘ तव धैर्यं तव बलम अस्ति’ लिखा है। उन्होंने कहा, हाल में मैने एक टैटू बनवाया है जिस पर विरोधी लिखा है जिसके मायने हैं किसी मकसद से बागी। अगर हालात मेरे खिलाफ हैं तो मैं उनसे पार पाना चाहती हूं। इसके अलावा एक और टैटू पर तव धैर्यं तव बलम अस्ति लिखा है जो संयम रखने में मदद करता है। मैने पिंडली पर शेर और बाज का टैटू भी बनवाया है। शेर साहस, नेतृत्व और स्वतंत्रता के लिए जबकि बाज अपने तेज गेंदबाज और चौकस नजर के लिए।
16 साल की उम्र में 2020 में भारत की विश्व कप टीम में जगह बनाने वाली हरफनमौला रिचा घोष ने बाएं हाथ पर बाघ (बंगाल टाइगर) का टैटू बनाया है ।पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी की रहने वाली घोष ने बताया, यह खास है क्योंकि बंगाल टाइगर है और मैं भी बंगाल से हूं। भारत के लिए खेलने से पहले बंगाल की अपनी एक सीनियर प्रतिभा राणा के साथ यात्रा करते समय उन्होंने मेरे हाथ पर बाघ का स्कैच बनाया था। मैंने अपने परिवार से कहा कि अगर भारतीय टीम में मेरा चयन हो गया तो मैं स्थायी टैटू बना लूंगी और मैंने ऐसा ही किया।