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IPL में होगा बड़ा बदलाव, 2028 से 74 नहीं बल्कि 94 मैच खेले जाएंगे, BCCI चेयरमैन ने बताया क्या है मास्टरप्लान

IPL 94 Matches Plan: आने वाले सालों में खेले जाएंगे 94 मैच! BCCI चेयरमैन अरुण धूमल ने आईपीएल के मेगा विस्तार को लेकर दिया बड़ा हिंट। चिन्नास्वामी से लेकर इकाना स्टेडियम तक, अब हर मैदान पर मचेगा दोगुना शोर। जानिए पूरा प्लान।

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May 08, 2026
IPL Trophy (Photo - IANS)

BCCI IPL 2028 Expansion: दुनिया की सबसे रोमांचक क्रिकेट लीग यानी इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) अब और भी बड़ी होने वाली है। आने वाले समय में आईपीएल के दीवानों का मजा दोगुना होने वाला है। आईपीएल चेयरमैन अरुण धूमल ने संकेत दिए हैं कि साल 2028 से आईपीएल में मैचों की संख्या 74 से बढ़ाकर 94 की जा सकती है।

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क्यों बढ़ेंगे आईपीएल के मैच?

दरअसल, बीसीसीआई (BCCI) का मकसद आईपीएल से वर्चुअल ग्रुप सिस्टम को पूरी तरह खत्म करना है। बोर्ड चाहता है कि आईपीएल भी दुनिया की बड़ी फुटबॉल लीग्स (जैसे प्रीमियर लीग या ला लीगा) की तरह पूरी तरह होम और अवे फॉर्मेट में खेला जाए। इसका मतलब है कि हर टीम दूसरी टीम से दो बार भिड़ेगी, एक मैच अपने घर में और दूसरा सामने वाली टीम के मैदान पर।

टीमें 10 ही रहेंगी, पर एक्शन बढ़ेगा

अरुण धूमल ने साफ कर दिया है कि फिलहाल नई टीमें जोड़ने का कोई इरादा नहीं है। उन्होंने कहा, 'अभी हमारे पास जो 10 टीमें हैं, उन्हीं के साथ हम मैचों की संख्या बढ़ा सकते हैं। अगर हम होम और अवे फॉर्मेट को बराबर रखते हैं, तो मैचों की संख्या 74 से बढ़कर 94 हो जाएगी, जो सबसे बेहतरीन स्थिति होगी।'

अंतरराष्ट्रीय कैलेंडर और समय

मैचों की संख्या बढ़ाने में सबसे बड़ी चुनौती समय की है। अभी 74 मैचों वाला आईपीएल करीब दो महीने चलता है। अगर मैचों को 94 करना है, तो बीसीसीआई को कम से कम ढाई महीने का समर्पित विंडो चाहिए होगा। और इसमें चुनौती ये है कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का कैलेंडर (FTP) साल 2027 तक पहले से ही तय है। बीसीसीआई साल 2027 के बाद एक बड़ा विंडो हासिल करने की कोशिश करेगा, ताकि आईपीएल के दौरान अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को कुछ समय के लिए थामा जा सके।

ब्रॉडकास्टर्स की चिंता

मैच बढ़ाने का मतलब है ज्यादा डबल हेडर्स (एक दिन में दो मैच)। हालांकि, टीवी और डिजिटल ब्रॉडकास्टर्स को दोपहर के मैच ज्यादा पसंद नहीं आते क्योंकि इससे व्यूअरशिप बंट जाती है और विज्ञापनों से होने वाली कमाई पर असर पड़ता है। लेकिन 94 मैचों के साथ बीसीसीआई को इस मुद्दे का भी हल निकालना होगा।

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