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कमेंट्री से हटने के बाद पूर्व क्रिकेटर ने जय शाह को लेकर किया ट्वीट, बताया क्यों लिया रिटायरमेंट

आईपीएल मैचों में अब कभी भी लक्ष्मण शिवरामकृष्णन कमेंट्री करते हुए नजर नहीं आएंगे। उन्होंने 1985 से 1987 के बीच भारत के लिए 9 टेस्ट और 16 वनडे मैच खेले थे।

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Mar 21, 2026
लक्ष्मण शिवरामकृष्णन और जय शाह (फोटो- IANS)

Laxman Sivaramakrishnan on BCCI Commentary Retirement: इंडियन प्रीमियर लीग 2026 के शुरू होने से पहले भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व स्पिनर लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने BCCI के कमेंट्री से हटने का फैसला किया। जिसके बाद सोशल मीडिया पर ऐसी चर्चा होने लगी कि उन्होंने जय शाह की वजह से ये फैसला लिया है। हालांकि शिवरामकृष्णन ने कुछ ही देर बार ट्विट कर ये साफ कर दिया कि उन्होंने क्यों ये फैसला लिया।

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कमेंट्री से हटने में जय शाह का हाथ नहीं

अपने फैसले को लेकर शिवरामकृष्णन ने कहा है कि इसमें बीसीसीआई और जय शाह का कोई रोल नहीं है। लक्ष्मण शिवरामकृष्णन ने एक्स पर लिखा, "बीसीसीआई प्रशासन को इसमें मत लाओ। यह बीसीसीआई के एक कर्मचारी के साथ वन-ऑन-वन मामला है। जय शाह एंड कंपनी का इससे कोई लेना-देना नहीं है।" शिवरामकृष्णन ने 20 मार्च को बीसीसीआई के साथ कमेंटेटर के तौर पर अपनी लंबी भूमिका खत्म करने का ऐलान किया था।

उन्होंने आरोप लगाया कि दो दशकों से ज्यादा समय तक जुड़े रहने के बावजूद उन्हें कई अहम ऑन-एयर मौकों से दूर रखा गया। टॉस प्रेजेंटेशन और मैच के बाद के शो से लगातार नजरअंदाज किया गया।" शिवरामकृष्णन ने सवालिया लहजे में पूछा कि अगर 23 साल में मुझे टॉस और प्रेजेंटेशन के लिए इस्तेमाल नहीं किया गया, तो इसके पीछे क्या वजह हो सकती है? पूर्व लेग स्पिनर ने भेदभाव के संकेत भी दिए हैं। एक यूजर के रंगभेद वाले कमेंट पर उन्होंने सहमति जताते हुए लिखा, "आप सही हैं, रंग भेदभाव।

20 साल से कमेंट्री कर रहे थे लक्ष्मण

शिवरामकृष्णन पिछले 2 दशक से कमेंट्री पैनल का बड़ा और भरोसेमंद चेहरा रहे हैं। अन्य दिग्गज कमेंटेटर भी उनके विश्लेषण को ध्यानपूर्वक सुनते हैं। इस वजह से कमेंट्री पैनल से उनका अचानक इस्तीफा देने का मामला लगातार तूल पकड़ रहा है। लोग इससे जुड़ी वजह जानना चाहते हैं।

हालांकि बढ़ती आलोचनाओं के बीच शिवरामकृष्णन ने दोहराया कि उनका फैसला निजी है और वह अपनी प्रोफेशनल लाइफ पर खुद नियंत्रण रखना चाहते हैं। लक्ष्मण शिवरामकृष्णन 1985 से 1987 के बीच भारत के लिए 9 टेस्ट और 16 वनडे खेले थे। उन्होंने टेस्ट में 26 और वनडे में 15 विकेट लिए।

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