बांग्लादेश से सीरीज 0-2 से हारने के बाद भी PCB गलतियों से सबक नहीं ले रहा है। पाकिस्तान टीम को इंग्लैंड के खिलाफ अगले महीने टेस्ट सीरीज की मेजबानी करनी है, लेकिन उससे पहले पीसीबी वनडे टूर्नामेंट करा रहा है। इसको लेकर पूर्व पाकिस्तानी दिग्गज ने बोर्ड पर जमकर भड़ास निकाली है।
बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 0-2 से क्लीन स्विप झेलने के बाद पूर्व पाकिस्तानी दिग्गज पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को हार का जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। इसके बाद पाकिस्तान क्रिकेट टीम की कई कमियां उजागर हुई हैं। कप्तान शान मसूद ने सीरीज के बाद कहा था कि डेढ़ साल से पाकिस्तानी खिलाड़ियों ने न तो कोई टेस्ट खेला है और न ही कोई प्रथम श्रेणी मैच खेला। अब पाकिस्तान को इंग्लैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों की सीरीज की मेजबानी करनी है, लेकिन पीसीबी है कि अपनी गलतियों से कोई सबक नहीं ले रहा है। पूर्व पाकिस्तानी क्रिकेटर यासिर अराफात ने इसको लेकर पीसीबी पर जमकर अपनी भड़ास निकाली है।
दरअसल, पाकिस्तान और इंग्लैंड के बीच 7 अक्टूबर से तीन टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जानी है। इस सीरीज की मेजबानी पाकिस्तान को ही करनी है, लेकिन पीसीबी इससे पहले फर्स्ट क्लास क्रिकेट की बजाए अपने खिलाड़ियों के लिए वनडे टूर्नामेंट रख दिया है। ये फैसला पूर्व क्रिकेटर यासिर अराफात को बेहद नागवार गुजरा है। जिसके चलते उन्होंने पीसीबी को सर्कस तो उसमें काम करने वालों को जोकर बता दिया है।
यासिर ने यूट्यूब पर कहा कि अब आप ही देख लीजिये आपकी सीरीज खत्म हुई है.. इतने ग्रे एरियास आपके उजागर हुए। आप में फिटनेस की समस्या है, तकनीकी इश्यू हैं, पिच और ग्राउंड की छोटी-छोटी समस्याएं हैं। मैंने सुना कि जेसन गिलेस्पी और हाई परफॉर्मर भी वापस ऑस्ट्रेलिया लौट रहे हैं और आप वनडे टूर्नामेंट का आयोजन कर रहे हैं। मुझे समझ नहीं आता... ऐसे फैसलों को देखकर मुझे कभी-कभी पीसीबी एक सर्कस की तरह लगता है। उसमें जोकर्स जोक होते हैं और ये जोक ही है कि इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज आ रही है और आप प्लेयर्स को वनडे खिला रहे हैं।
यासिर ने आगे कहा कि एक तरफ शान मसूद सीरीज हारने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहते हैं कि खिलाडि़यों ने डेढ़ साल से टेस्ट या प्रथम श्रेणी मैच नहीं खेले और आप इंग्लैंड जैसी बड़ी सीरीज खेलने से पहले वनडे खिला रहे हैं। मुझे तो ये सर्कस लगता है और इसमें काम करने वाले लोग जोकर लगते हैं और फैसले जोक्स लगते हैं।