ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए टीम चुनते समय, अगरकर ने रोहित शर्मा और विराट कोहली के आगामी वनडे वर्ल्ड कप 2027 में को लेकर अपनी प्रतिबद्धता नहीं दिखाई है। अगरकर ने यह भी कहा कि खिलाड़ियों के लिए जरूरी है कि जब वे उपलब्ध हों तो डोमेस्टिक क्रिकेट खेलें, ताकि सेलेक्शन की दौड़ में बने रहें।
भारतीय मुख्य चयनकर्ता अजित अगरकर एक के बाद एक चौंकाने वाले फैसले ले रहे हैं। वे कभी किसी सीरीज में टीम का उपकप्तान बादल देते हैं तो कभी कप्तान। कभी किसी खिलाड़ी को अचानक टीम से बाहर कर देते हैं तो कभी फ्लॉप चल रहे खिलाड़ियों को लगातार मौका देते हैं। इन दिनों सबसे बड़ी बहस रोहित शर्मा की जगह शुभमन गिल को कप्तान बनाए जाने को लेकर बनी हुई है।
इसके अलावा अगरकर अपने बयानों को लेकर भी विवादों में हैं। ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए टीम चुनते समय, अगरकर ने रोहित शर्मा और विराट कोहली के आगामी वनडे वर्ल्ड कप 2027 में को लेकर अपनी प्रतिबद्धता नहीं दिखाई है। अगरकर ने यह भी कहा कि खिलाड़ियों के लिए जरूरी है कि जब वे उपलब्ध हों तो डोमेस्टिक क्रिकेट खेलें, ताकि सेलेक्शन की दौड़ में बने रहें।
उनके इस बयान पर इंग्लैंड के पूर्व तेज गेंदबाज स्टीव हार्मिसन ने अपनी प्रतिकृया दी है और अगरकर की कड़ी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि रोहित शर्मा और विराट कोहली के वनडे भविष्य पर अगरकर के कमेंट ठीक नहीं थे। हार्मिसन ने कहा कि चीफ सेलेक्टर अजित अगरकर का कार्यकाल मुश्किलों भरा हो सकता है, क्योंकि उनका सामना पूर्व कप्तान विराट कोहली और रोहित शर्मा के साथ एक संभावित सत्ता की लड़ाई में हो सकता है। उन्होंने कहा कि 'मुझे लगता है कि अजित अगरकर के लिए यह एक मुश्किल अंत हो सकता है। अगर कोई यहां जीतता है, तो मुझे लगता है कि वे विराट कोहली और रोहित शर्मा होंगे, न कि अजित अगरकर… यह भी हो सकता है कि बातों का गलत मतलब निकाला गया हो।'
हार्मिसन ने माना कि अगले वनडे वर्ल्ड कप तक का रास्ता विराट कोहली के लिए रोहित शर्मा की तुलना में थोड़ा आसान हो सकता है, जो कोहली से एक साल बड़े हैं। अंग्रेज दिग्गज ने कहा, "मुझे लगता है कि कोहली के पास अभी भी गेम में कुछ बचा हुआ है। इसमें उनका अनुभव, उनके रन, और उनकी प्रतिष्ठा सब शामिल है। शर्मा के मामले में ऐसा नहीं है। शर्मा थोड़ा बड़े हैं और 50-ओवर क्रिकेट में विराट जितने प्रभावशाली नहीं रहे हैं।"
इंग्लिश खिलाड़ी ने आगे कहा, "अगर विराट कहते हैं, ठीक है, आप 50 ओवर के वर्ल्ड कप में मेरे बिना जाएं और देखें कि क्या होता है… जब तुम्हें 50 ओवर में 350 रनों का पीछा करना पड़े ऑस्ट्रेलिया या इंग्लैंड के खिलाफ, और तुम्हारे पास नंबर चार पर वो खिलाड़ी नहीं जो औसतन 90 रन बनाकर मैच जीतता है, देखो तब तुम्हारी टीम कहां है।