
नई दिल्ली। इंडियन क्रिकेट टीम के कैप्टन विराट कोहली एक बार फिर से विवादों में घिर गए हैं। इसके लिए कई वजहें बताई जा रही है। इससे पहले आपको बता दें कि कप्तान कोहली ने बीसीसीआई से टीम के खिलाड़ियों की सैलरी में बढ़ोतरी की मांग की है। कोहली ने बीसीसीआई की ओर इशारा करते हुए कहा कि खिलाड़ी जितनी मेहनत कर रहे हैं, उन्हें उस हिसाब से मेहनताना नहीं मिल रहा है। कोहली ने कहा कि काफी बिज़ी शेड्यूल होने की वजह से खिलाड़ियों को न तो आराम करने का समय मिल रहा है और न ही अभ्यास करने का।
देखा जाए तो कोहली की मैच फीस वाली बात बहुत जायज़ भी है। हर कोई जानता है कि बीसीसीआई की पूरी कमाई उन खिलाड़ियों से ही हो रही है जो लगातार मैदानों में अपना पसीना बहा रहे हैं। लेकिन कोहली की इन्हीं बातों को लेकर कोहली अब विवादों में घिरते नज़र आ रहे हैं।
ऐसी आवाज़ें उठ रही हैं कि कोहली इससे पहले आराम का समय क्यों नहीं मांगा। हाल ही में खेली गई चार सीरीज़ में कोहली को न तो थकान महसूस हुई और न ही अभ्यास के लिए समय की कमी हुई। जबकि पिछले सीरीज़ में कोई गैप भी नहीं था, सभी लगातार खेली गईं थी। कोहली की इन बातों को काफी निराशाजनक बताया जा रहा है। लोगों का मानना है कि इंग्लिश काउंटी के खिलाड़ी सबसे व्यस्ततम खिलाड़ियों में से हैं। जिन्हें मुश्किल से 2 दिन का भी समय मिल पाता है।
ऐसे ही विवादों को लेकर अनिल कुंबले की छुट्टी करा चुके विराट कोहली की इन बातों को लेकर कहा जा रहा है कि उनकी ऐसी बातें उनकी छवि के खिलाफ है। कोहली को लेकर ऐसी आवाज़ें उठ रही हैं कि वे क्रिकेट में विवादों से काफी दोस्ती रखते हैं। इतना ही नहीं कोहली बीसीसीआई को लेकर भी लंबे समय से अपनी मनमानी करते आ रहे हैं।
क्रिकेट के जानकारों का कहना है कि भारतीय क्रिकेट को ऐसी समस्या काफी पहले से ही रही है कि यहां देश और टीम से ज़्यादा कप्तान को महत्व दिया जाता है। कप्तान अपने पसंदीदा खिलाड़ी को लगातार घटिया प्रदर्शन के बावजूद टीम से बाहर नहीं निकालता और किसी छोटे-मोटे विवाद पर इन-फॉर्म खिलाड़ी को भी बाहर बैठा दिया जाता है।