बिहार के वैशाली जिले से एक हैरान करने वाले मामले का खुलासा हुआ है। यहां सदर अस्पताल के नशा मुक्ति केंद्र को अय्याशी का अड्डा बना दिया गया था। पुलिस ने छापेमारी में वहां से हत्या के एक आरोपी को शराब और कॉलगर्ल के साथ पकड़ा है।
बिहार में शराबबंदी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के अनुसार राज्य में सुशासन की सरकार है। लेकिन बिहार से कई बार ऐसी खबरें सामने आ जाती है, जो सरकार और प्रशासन के दावों की पोल खोल देती है। अभी एक ऐसा ही मामला वैशाली जिले से सामने आया है। राजधानी पटना से मात्र 12 किमी दूर स्थित हाजीपुर के सदर अस्पताल में हत्या का एक आरोपी शराब और कॉलगर्ल के साथ अय्याशी करते हुए पकड़ा गया है।
मरीजों के इलाज वाले स्थान को एक अपराधी अय्याशी का अड्डा बनाए हुए थे। इस मामला के सामने आने के बाद सरकार के साथ-साथ प्रशासन के दावों पर भी सवाल उठ रहे हैं। अय्याशी के इस शर्मनाक मामले में अस्पताल कर्मी और पुलिस जवानों की संलिप्तता भी सामने आई है। बताया जा रहा है कि सदर अस्पताल के कैदी वार्ड में अक्सर महफिल सजती थी। जिसमें विदेशी शराब के साथ-साथ दूसरे राज्यों से कॉल गर्ल भी बुलाई जाती थी।
बुधवार रात इस मामले का खुलासा तब हुआ जब वैशाली एसडीपीओ ओमप्रकाश आधी रात सदर अस्पताल के कैदी वार्ड पहुंचे। उन्होंने कैदी वार्ड की तलाशी ली, जहां पर पुलिसकर्मियों की मिलीभगत से सजायाफ्ता कैदी वार्ड में रंगरलियां मनाते हुए पकड़ाया। बताया जा रहा है कि दूसरे राज्य से कॉलगर्ल को हाजीपुर बुलाया गया था। इसके बाद कॉल गर्ल, वार्ड बॉय, अस्पताल कर्मी समेत कई लोगों को सदर एसडीपीओ थाने लेकर आए जहां उनसे पूछताछ की जा रही है।
मामले के खुलासे के बाद आज दिन में वैशाली एसपी मनीष कुमार भी छानबीन के लिए सदर अस्पताल पहुंचे। उन्होंने भी जांच पड़ताल की है। इधर तमाम आलाधिकारी अस्पताल प्रशासन से भी पूछताछ करने में जुटे हुए हैं। मिली जानकारी के अनुसार हत्या का एक आरोपी सदर अस्पताल के नशा मुक्ति केंद्र के एसी रूम में अय्याशी कर रहा था। उसे शराब और कॉल गर्ल के साथ पकड़ा गया है।