Shaheen Bagh आंदोलन को फंड दिलाने का आरोप दानिश के नेटवर्क की जांच कर रही है Delhi Police Danish दिल्ली के त्रिलोकपुरी का रहने वाला है
नई दिल्ली। नागिरकता संशोधन कानून ( CAA ) के विरोध में दिल्ली दंगा ( Delhi Violence ) को अंजाम देने वालों के खिलाफ कार्रवाई में ED के बाद दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ( Delhi Police Special Cell ) को बड़ी कामयाबी मिली है। गुरुवार को दिल्ली पुलिस ने पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया ( PFI ) के अध्यक्ष परवेज ( Parvej ) और सचिव इलियास ( Iliyas ) को गिरफ्तार किया है।
स्पेशल सेल के सूत्रों के मुताबिक आरोपी इलियास शिव विहार का रहने वाला है। दोनों पर शाहीन बाग ( shaheen bagh ) में लोगों को सीएए के खिलाफ प्रदर्शन जारी रखने के लिए फंड दिलाने का आरोप है।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने इससे पहले सीएए और एनआरसी ( NRC ) के खिलाफ पोस्टर बांटने और लोगों को भड़काने के आरोप में पीएफआई से जुड़े एक शख्स को गिरफ्तार किया है। पुलिस की मानें तो गिरफ्तार आरोपी दानिश पीएफआई की विंग काउंटर इंटेलिजेंस का प्रमुख है। दानिश जामिया में सीएए के खिलाफ हो रहे प्रदर्शन के कॉर्डिनेशन से जुड़ा था। दिल्ली पुलिस के हत्थे चढ़ा दानिश ( Danish ) दिल्ली के त्रिलोकपुरी इलाके का रहने वाला है।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक दानिश के खुलासे के बाद पुलिस ने परवेज और इलियास को गिरफ्तार किया है। हालांकि उसके परिजनों ने पुलिस द्वारा लगाए गए आरोपों से इंकार किया है। परिजनों का कहना है कि वह संगठन के लिए काम करता है। संगठन के सामाजिक कायक्रमों में हिस्सा लेता है। यहां भी वह प्रदर्शन में शामिल होने के लिए गया था।
इस मामले में दिल्ली पुलिस यह जांच कर रही है कि दानिश व उससे जुड़े नेटवर्क के लोग किस तरीके से सीएए के खिलाफ चल रहे प्रदर्शन में काम कर रहे हैं। किस तरीके से इन्हें फंडिंग हो रही थी? इस फंडिंग का दिल्ली में चल रहे सीएए के विरोध में किस तरीके से इस्तेमाल किया जा रहा था? इसके लिए पुलिस कई संदिग्धों के फोन व बैंक अकाउंट खंगाल रही है, ताकि फंडिंग की जानकारी जुटाई जा सके।
इतना ही नहीं नागरिकता संशोधित कानून कनेक्शन को लेकर दानिश के बाद यह तीसरी गिरफ्तारी हुई थी। इससे पहले जामिया नगर से आईएसआईएस ( ISIS ) से कथित तौर पर जुड़े एक कश्मीरी दंपती को भी स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया था। इन दोनों पर भी सीएए खिलाफ धरने पर बैठे लोगों को भड़काने और उकसाने का आरोप है। साथ ही लोगों को सीएए के विरोध में खड़ा करने के लिए तरह-तरह के भड़काऊ पोस्टर व अन्य सामग्री बांटने का आरोप है। इनके पास से पुलिस ने काफी जिहादी मेटेरियल भी बरामद किया था।