यमुना एक्सप्रेस वे पर मथुरा में बीते दिनों लाल रंग के एक ट्रॉली बैग में एक लड़की लाश मिली थी। पुलिस ने इस केस का खुलासा कर दिया है। यह मामला ऑनर कीलिंग का निकला। पिता ने ही बेटी की हत्या कर उसकी लाश को मथुरा में हाईवे किनारे फेंक दिया था।
Dead body in Trolley bag at Yamuna Expressway: मथुरा में यमुना एक्सप्रेस वे की सर्विस रोड पर ट्रॉली बैग में मिली लड़की की लाश मामले का पुलिस का खुलासा कर दिया है। इस मामले की जो सच्चाई सामने आई है, उसे सुनकर पुलिस वाले भी हैरान है। यह मामला ऑनर किलिंग का निकला है। पिता ने ही अपनी इकलौती बेटी की हत्या कर उसकी लाश को ट्रॉली बैग में रखकर हाई वे किनारे फेंक दिया था। मामले के खुलासे के बाद पुलिस ने मृतका के पिता और माता को गिरफ्तार कर लिया है।
लड़की के लाश की पहचान उसकी मां और भाई ने कर ली है। जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ। ट्रॉली बैग में जिस युवती की लाश मिली थी, उसकी पहचान आयुषी यादव के रूप में है। 21 वर्षीय आयुषी के पिता नीतेश यादव ने ही बेटी की गोली मारकर हत्या कर उसकी लाश को मथुरा में फेंक दिया था। पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध कबूल कर लिया है।
मालूम हो कि मथुरा के यमुना एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड पर कृषि अनुसंधान केंद्र के पास लाल रंग के ट्रॉली बैग में खून से लथपथ एक लड़की की लाश मिली थी। श्रद्धा मर्डर केस के बीच इस तरह मिली युवती की लाश से सनसनी फैल गई थी। कई तरह की चर्चा की जा रही थी। लेकिन 48 घंटे बाद पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि यह ऑनर किलिंग का मामला है।
पुलिस की पूछताछ में यह बात सामने आई कि आयुषी ने दूसरी जाति के युवक से शादी कर ली थी। जिससे उसके पिता नाराज थे। परिवार वालों ने बेटी को काफी समझाया था। लेकिन इसके बाद भी बेटी ने अपनी मनमर्जी करते हुए एक साल पहले दूसरी जाति में शादी की। इसी बात को लेकर परिवार में काफी तनाव था।
दिल्ली के बदरपुर के पास स्थित मोड़बंद गांव निवासी नीतेश यादव ने बेटी आयुषी यादव की हत्या की थी। देर रात पुलिस की पूछताछ में पिता टूट गया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, पिता ने स्वीकार किया कि आन की खातिर मैंने ही अपनी इकलौती बेटी की गोली मारकर हत्या की थी। पुलिस ने बताया कि यह हत्या 17 नवंबर दोपहर को की गई। इसके बाद रात में अपनी ही गाड़ी से लाकर शव को यमुना एक्सप्रेसवे के सर्विस रोड पर फेंका था।
पुलिस जांच में सामने आया कि आयुषी घर से बिना बताए कहीं चली गई थी, जैसे ही वह घर आई पिता अपना आपा खो बैठा। जिसके बाद बेटी की हत्या कर दी। रविवार देर शाम नीतेश की पत्नी ब्रजबाला और बेटे आयुष ने पोस्टमार्टम गृह पर पहुंचकर शव की पहचान की। पहचान के वक्त दोनों जोर-जोर से एक-दूसरे के गले लगकर रोने लगे।
शव की पहचान के बाद पुलिस मां, भाई और पिता को लेकर पोस्टमार्टम गृह पर पहुंची। वहीं पिता नीतेश यादव को अपने साथ न लाकर थाना राया पर ही रखा गया। कार्यवाहक एसएसपी मार्तंड प्रकाश सिंह ने बताया कि मां और भाई ने मृतका की पहचान कर ली है। पूरे मामले का खुलासा जल्द किया जाएगा। परिवार मूलत: गांव सुनारड़ी, बलूनी गोरखपुर का रहने वाला है।