ओडिशा बलांगीर जिले में एक दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है। यहां मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए 9 साल के एक बच्चे की बलि चढ़ा दी गई।
नई दिल्ली। ओडिशा बलांगीर जिले में एक दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है। यहां मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए 9 साल के एक बच्चे की बलि चढ़ा दी गई। चौंकाने वाली बात यह है कि इस घटना को अंजाम किसी और ने नहीं, बल्कि मृतक के भाई ने अपने चाचा के साथ मिलकर दिया। घटना के तीन दिन पहले से ही बच्चा घर से लापता था। हत्यारों ने बच्चे का कत्ल बहुत ही बेरहमी से की गई। इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि मौके पर बच्चे का बिना सिर का धड़ मिला।
माता सबकी मनोकामना पूरी करती
पुलिस जानकारी के अनुसार बलांगीर जिले में घनश्याम राणा नाम का 9 वर्षीय बच्चा 13 अक्टूबर से गायब था। बच्चे के चाचा कुंजा राणा और और उसका चचेरा भाई संभावन राणा काला-जादू और तंत्र-मंत्र में विश्वास रखते हैं। हालांकि घटना का खुलासा होने के बाद अब दोनों अब पुलिस हिरासत में हैं। पुलिस के सामने जुर्म कुबूल करते हुआ हत्यारों ने बताया कि अगर नवरात्र में किसी बच्चे की बलि दी जाती है तो मां दुर्गा प्रसन्न होती हैं। खुश होकर माता सबकी मनोकामना पूरी करती हैं। यही कारण था कि मां दुर्गा को प्रसन्न करने के लिए आरोपियों ने इस बच्चे की हत्या की योजना बनाई।
पिछड़े इलाकों में जादू टोना व तंत्र-मंत्र हावी
आपको बता दें बलि देने की एक ऐसी ही घटना पिछले साल भी सामने आई थी। इसका सबसे बड़ा कारण यह है कि ओडिशा के पिछड़े इलाकों में जादू टोना व तंत्र-मंत्र हावी है। यहां तांत्रिक क्रियाओं में सक्रिय रहने वाले लोग बहला फुसलाकर या जबरन लोगों को इस प्रकार के जघन्य अपराध कराते हैं।