
नई दिल्ली। बिहार के मुजफ्फरपुर की एक अदालत में शनिवार को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के खिलाफ एक परिवाद पत्र दायर किया गया।
मुजफ्फरपुर के मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सूर्यकांत तिवारी की अदालत में अधिवक्ता सुधीर कुमार ओझा द्वारा दायर परिवाद पत्र में कहा गया है कि संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने संबोधन के दौरान इमरान खान ने भारत के साथ परमाणु युद्घ छेड़ने और कश्मीर में खून खराबा करने की बात कर यहां के लोगों की भावना को भड़काने का काम किया है।
ओझा ने बताया कि परिवाद पत्र भादवि की धारा 124 (ए), 125 और 505 के तहत दायर की गई है। उन्होंने कहा कि अदालत द्वारा इस मामले की सुनवाई की तारीख 21 अक्टूबर तय की गई है।
आपको बता दें कि इससे पहले उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के महराजगंज कोर्ट में भी पाक पीएम इमरान खान के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
जानकारों की मानें तो यह इमरान खान के खिलाफ दाखिल यह देश का पहला मुकदमा है।
यह मुकदमा वकील विनय कुमार पांडे की ओर से मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी महाराजगंज की कोर्ट में दर्ज कराया गया है।
कोर्ट में अपना पक्ष रखते हुए वकील विनय कुमार पांडे ने कहा कि पाक पीएम अपने विवादित बयानों से भारत में राष्ट्रद्रोह और दो वर्गों के बीच वैमनस्यता फैलाने का काम करते हैं।