मोरनी गैंग रेप मामले में पुलिस ने आठ आरोपियों को पंचकूला की जिला अदालत में पेश किया।
पंचकूला। देश के दहला देने वाले मोरनी गैंग रेप में नया मोड़ आ गया है। पीड़िया ने मांग रखी है कि ये मामला पंचकूला पुलिस की बजाय चंडीगढ़ पुलिस को ट्रांसफर किया जाए। पीड़िता और उसके पति का कहना है कि पंचकूला पुलिस पर उन्हें भरोसा नहीं है। वे न्याय चाहते हैं। बता दें कि इस सामूहिक दुष्कर्म में एक पुलिसकर्मी भी शामिल बताया जा रहा है। पीड़ित महिला का कहना है कि गेस्ट हाउस में दुष्कर्म करने के बाद एक पुलिसकर्मी ने महिला को 50 रुपए का नोट दिया था। जिसपर उसने अपना फोन नंबर लिखा था। महिला ने बताया कि पुलिस ने उससे कहा था कि अगर कोई दिक्कत हो, तो इस नंबर पर उससे बात कर लें।
40 लोगों के महिला से दुष्कर्म मामले में बड़ा खुलासा, 50 रुपये के नोट ने मचा दी सनसनी
8 लोग हुए गिरफ्तार
मोरनी गैंग रेप मामले में पुलिस ने आठ आरोपियों को पंचकूला की जिला अदालत में पेश किया। अदालत ने 6 लोगों को दो दिन और दो लोगों को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया। बता दें कि इस मामले की जांच आईपीएस अंशु सिंगला की एसआईटी कर रही है। एसआईटी ने विभिन जगहों पर छापेमारी कर आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। अभी इस इस मामले में कई और गिरफ्तारियां होनी बाकी हैं।
40 लोगों ने महिला के साथ 4 दिन तक किया गैंगरेप
आपको बता दें कि देश को हिला कर रख देने वाले इस गैंगरेप कांड में 40 लोगों ने 22 साल की शादीशुदा महिला के साथ 4 दिन तक गैंगरेप किया। ये हैवानियत दरिंदों ने एक सरकारी गेस्ट हाउस में की। बताया जा रहा है कि महिला को नौकरी का झांसा देकर गेस्ट हाउस लाया गया था। चार दिन तक महिला को गेस्ट हाउस में ही कैद करके रखा गया। 4 दिन तक 40 लोगों ने बारी-बारी से महिला के साथ रेप किया। इस दौरान महिला को नशीले इंजेक्शन भी दिए गए। दरिंदों ने नशे की हालत में महिला के साथ चार दिन तक बलात्कार किया।