
Datia News :मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर होने जा रहे उपचुनाव ने राज्य का सियासी पारा बढ़ा दिया है। भाजपा के कद्दावर नेता और पूर्व गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा का अपने गढ़ वाली सीट से टिकट काटे जाने के बाद एक तरफ उनके समर्थकों द्वारा क्षेत्र में भारी बवाल काटा गया, जिसे रोकने के लिए खुद नरोत्तम मिश्रा को बयान जारी कर उग्र प्रदर्शनकारियों से शांति बनाए रखने की अपील करनी पड़ी। राजनीतिक जानकारों की मानें तो नरोत्तम का टिकट कटने से भाजपा में कहीं न कहीं अंतर कलह भी खुलकर सामने आई है, जिसे भुनाने अब उद्धव बालासाहेब ठाकरे की पार्टी शिवसेना बड़ा दाव खेल दिया है। पार्टी ने नरोत्तम को अपने टिकट पर दतिया से उपचुनाव लड़ने का प्रस्ताव दे दिया है।
उद्धव बालासाहेब ठाकरे वाली शिवसेना द्वारा ये प्रस्ताव भाजपा द्वारा शुक्रवार को आगामी दतिया विधानसभा उपचुनाव के लिए आशुतोष तिवारी को उम्मीदवार घोषित किए जाने के बाद क्षेत्र में हुए भारी बवाल के अगले दिन सामने आया। मध्य प्रदेश के पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को टिकट नहीं दिए जाने के बाद उनके समर्थकों ने शुक्रवार से हाईवे जाम कर जोरदार उग्र प्रदर्शन किया, जो शनिवार तक कुछ इलाकों में हिंसक हो गया। इस दौरान किए गए पथराव में एसपी और एएसपी समेत 6 पुलिसकर्मी घायल हो गए। इस बीच, नरोत्तम ने बीती रात राजधानी भोपाल पहुंचकर सीएम मोहन यादव समेत प्रदेश की भाजपा आलाकमान से चर्चा भी की है। वहीं, सीटी पर किसी भी बदलाव को लेकर आगामी उटापठक पर पूर्ण विराम लगाते हुए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने भाजपा उम्मीदवार के बदले जाने की संभावनाओं से इंकार कर दिया है।
शिवसेना (यूबीटी) की मध्य प्रदेश इकाई के प्रमुख सुनील शर्मा ने कहा कि, अगर नरोत्तम मिश्रा इस प्रस्ताव को स्वीकार करते हैं तो पार्टी प्रमुख और महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे, पार्टी नेता आदित्य ठाकरे के साथ साथ पार्टी क अन्य वरिष्ठ नेता सीट पर उनके पक्ष में प्रचार करने उतरेंगे। शर्मा ने ये भी कहा कि, मैंने पार्टी नेतृत्व से चर्चा के बाद मिश्रा को ये प्रस्ताव भेजा है। मैंने पार्टी की मध्य प्रदेश आईटी सेल के हेड नाहर सिंह गौर से कहा कि, वो मिश्रा के लिए भेजे गए निमंत्रण का वीडियो संदेश सोशल मीडिया पर शेयर करें।
शिवसेना (यूबीटी) के महाराष्ट्र विधानसभा में 20 विधायक और लोकसभा में तीन सांसद हैं। हाल ही में उसके 6 लोकसभा सांसद महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली सत्तारूढ़ शिवसेना में शामिल हो गए थे।
इधर, कांग्रेस की ओर से भी बीती रात दतिया उपचुनाव के लिए घनश्याम सिंह को उम्मीदवार के तौर पर घोषित कर दिया है। अब उनका मुकाबला भाजपा के उम्मीदवार आशुतोष तिवारी के साथ होगा। घनश्याम सिंह दतिया की राजनीति में एक प्रमुख चेहरा माने जाते हैं। वो दो बार विधायक रहे हैं। ये भी बता दें कि, घनश्याम सिंह का संबंध दतिया राजघराने से है।
दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव मौजूदा कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती को अदालत द्वारा धोखाधड़ी के एक मामले में दोषी ठहराए जाने और 3 साल की सजा सुनाए जाने के बाद विधानसभा सदस्यता समाप्त हो गई, जिसके चलते ये सीट एक बार फिर खाली हो गई है। ये भी बता दें कि, दतिया विधानसभा सीट पर आगामी 30 जुलाई को मतादन होगा, जबकि 3 अगस्त को मतगणा होगी।