
Judge Keshav Kaushik: दौसा जिला न्यायालय में संवेदनशीलता और मानवीयता की एक मिसाल देखने को मिली। 96 साल की वृद्धा सम्पत्ति देवी शर्मा को जब न्यायालय की ओर से अवार्ड राशि का चेक दिया जाना था तो उम्र अधिक होने के कारण वह प्रथम तल स्थित न्यायालय कक्ष तक नहीं पहुंच सकीं। वृद्धा को कार में बैठा देखकर जिला एवं सैशन न्यायाधीश केशव कौशिक स्वयं नीचे पहुंचे और कार में ही आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करवाकर उन्हें 24 लाख 26 हजार 258 रुपए का चेक सौंपा।
न्यायाधीश के इस मानवीय व्यवहार से सम्पत्ति देवी भावुक हो गईं। चेक हाथ में आते ही उनकी आंखों में खुशी और भावुकता के आंसू छलक पड़े। उन्होंने जिला एवं सैशन न्यायाधीश केशव कौशिक को आशीर्वाद दिया। इस दौरान वहां मौजूद न्यायालय एवं प्राधिकरण के कर्मचारियों ने भी इस भावुक पल को देखा।
दरअसल राजस्थान उच्च न्यायालय, जयपुर पीठ की ओर से एक प्रकरण में 6 मई 2026 को अवार्ड पारित किया था। इसी अवार्ड की पालना में संबंधित बीमा कंपनी ने ब्याज सहित कुल 24 लाख 26 हजार 258 रुपए की राशि अधिकरण में जमा कराई थी। इसके बाद यह राशि सम्पत्ति देवी शर्मा को चेक के माध्यम से प्रदान की गई।
बताया गया कि सम्पत्ति देवी की उम्र 96 साल है और शारीरिक असमर्थता के कारण उनके लिए दौसा जिला न्यायालय के प्रथम तल तक पहुंचना मुश्किल था। ऐसे में न्यायाधीश ने उन्हें ऊपर बुलाने के बजाय स्वयं नीचे जाकर चेक सौंपने का निर्णय लिया। कार में ही आवश्यक प्रक्रिया पूरी करवाने के बाद उन्हें अवार्ड राशि का चेक दिया। उन्होंने कहा कि 'अम्मा ये लो आपका 24.26 लाख रुपए का चेक।' जिसके बाद वृद्धा भावुक हो गई और खुशी के आंसू के साथ न्यायधीश को आशीर्वाद देने लगी।
इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के संतोष अग्रवाल, अधिवक्ता रामकरण वर्मा और महेश ककराला सहित न्यायालय एवं प्राधिकरण का स्टाफ मौजूद रहा। न्यायाधीश के इस कदम की मौजूद लोगों ने सराहना की। 96 साल की वृद्धा के लिए ये सिर्फ आर्थिक सहायता प्राप्त करने का क्षण नहीं था बल्कि न्यायालय की संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण का भी उदाहरण बन गया। चेक मिलने के बाद सम्पत्ति देवी के चेहरे पर संतोष और खुशी साफ दिखाई दी।