दौसा

Rajasthan: चौथी पास बेचता था गन्ने का रस, फिर बना साइबर क्राइम का मास्टरमाइंड, आलीशान मकान-लग्जरी लाइफ देख सब हैरान

Cyber Crime: झालावाड़ पुलिस ने साइबर फ्रॉड के मामले का खुलासा करते हुए 30 जनों को गिरफ्तार कर 52 लाख रुपए की नकदी बरामद की। तीन करोड़ के 29 वाहन जब्त किए।
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Oct 25, 2025
astermind Ramavatar Saini
मास्टरमाइंड रामावतार सैनी का बंगला। फोटो- पत्रिका

दौसा। केंद्र और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं में हुए साइबर अपराध गिरोह का मास्टरमाइंड बांदीकुई के केसरीसिंहपुरा गांव निवासी रामावतार सैनी चौथी पास है। रामावतार ने पूर्व में करीब आठ वर्षों तक झालावाड़ में गन्ने की रस बेचने का काम किया था।

इसके बाद रामावतार ने सरकारी सिस्टम में सेंध लगाकर उसने योजनाओं की राशि अपने नियंत्रण में ले ली और करोड़ों की जमीन, आलीशान मकान और लग्जरी गाड़ियों के साथ लग्जरी लाइफ जीने लगा। उसके घर पर महंगे विदेशी पक्षी और पालतू कुत्ते भी हैं। घर में फिंगरप्रिंट सिक्योरिटी सिस्टम लगा है।

मास्टरमाइंड है रामावतार सैनी

गौरतलब है कि झालावाड़ पुलिस ने साइबर फ्रॉड के मामले का खुलासा करते हुए 30 जनों को गिरफ्तार कर 52 लाख रुपए की नकदी बरामद की। तीन करोड़ के 29 वाहन जब्त किए। 11 हजार संदिग्ध बैंक खाते चिह्नित किए थे। इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड रामावतार सैनी को बताया गया है।

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सूत्रों ने बताया कि रामावतार ने साइबर अपराध के लिए तकनीकी सिस्टम का दुरुपयोग किया। वह अपने दलालों के साथ मिलकर लोगों की जमाबंदी और बैंक खातों की आईडी-पासवर्ड हैक करता था। सरकारी योजनाओं की राशि जैसे ही खातों में आती, वह एक ही रात में पूरा खेल खत्म कर देता था। आरोपी ने साइबर सिस्टम में मौजूद खामियों का लाभ उठाकर यह पूरी ठगी रची थी।

मानपुर में खोली स्टोन कटिंग फैक्ट्री

आलीशान जिंदगी जीने पर किसी को शक ना हो, इसके लिए आरोपी ने दौसा के सिकंदरा-मानपुर में स्टोन कटिंग फैक्ट्री भी खोल रखी है। फैक्ट्री में महंगी सीएनसी मशीन भी लगा रखी है। तीन भाइयों में रामावतार सबसे छोटा है। पिता की करीब 11 साल पहले मौत हो चुकी है।

Published on:
25 Oct 2025 06:00 am