CG News: गंगरेल बांध में 90.46 फीसदी जलभराव हो चुका था। फिलहाल कैचमेंट एरिया में अच्छी बारिश नहीं होने के कारण बांध को भरने में समय लग रहा है।
CG News: प्रदेश के दूसरे सबसे बड़े जलाशय गंगरेल बांध के गेट मंगलवार को ५ मिनट के लिए खोले गए। सभी 14 गेट खोलकर टेस्टिंग की गई। सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने दावा किया कि गेट सही है कोई दिक्कत फिलहाल नहीं है। टेस्टिंग के बाद १२ गेट बंद कर दिए गए। 2 गेट से रूद्री बैरॉज में पानी छोड़ा जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि यह प्रक्रिया जलाशय की आपातकालीन स्थिति में तत्परता सुनिश्चित करने के लिए की गई है। सभी उपकरण सही पाए गए।
उल्लेखनीय है कि 32.150 टीएमसी क्षमता वाले गंगरेल बांध में 29.570 टीएमसी पानी है। बांध का लेवल 347.92 मीटर है। बांध में 4932 क्यूसेक पानी की आवक हो रही है। वहीं बांध से 5342 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। मंगलवार रात 8 बजे की स्थिति में गंगरेल बांध में 90.46 फीसदी जलभराव हो चुका था। फिलहाल कैचमेंट एरिया में अच्छी बारिश नहीं होने के कारण बांध को भरने में समय लग रहा है।
गंगरेल के अलावा सहायक बांधों की स्थिति में सुधार हो रहा है। मुरूमसिल्ली बांध 91.60 फीसदी भर चुका है। बांध पैक होते ही सायफन सिस्टम के गेट ऑटोमेटिक खुल जाते हैं। दुधावा बांध में 55.43 फीसदी पानी भर पाया है। सोंढूर जलाशय में 73 फीसदी पानी है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में अच्छी बारिश की उम्मीद बताई जा रही है। गेट खुलते ही पर्यटक उमड़ेंगे।