
Bus Fire Incident: उड़ीसा से रायपुर जा रही एक यात्री बस शुक्रवार सुबह भीषण हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गई। धमतरी जिले के ग्राम केरेगांव में स्थानीय सैलून संचालक और पुलिस की तत्परता से बस में सवार 40 यात्रियों की जान सुरक्षित बचा ली गई।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 8:20 बजे दिनेश ट्रेवल्स की यात्री बस उड़ीसा से रायपुर की ओर जा रही थी। केरेगांव मुख्य मार्ग पर स्थित सैलून संचालक श्रीभान सेन और उनके पुत्र राहुल सेन की नजर सबसे पहले बस के पिछले पहिए से उठती आग की लपटों पर पड़ी। राहुल ने बस को रुकवाने के लिए आवाज भी लगाई, लेकिन तेज रफ्तार होने के कारण चालक को कुछ सुनाई नहीं दिया।
इसके बाद सैलून संचालक राहुल और स्थानीय पुलिस पेट्रोलिंग टीम ने बस का पीछा किया और केरेगांव से लगभग 5 किलोमीटर दूर ग्राम खाड़ादाह के पास बस को ओवरटेक कर रुकवाया। बस रुकते ही सभी यात्रियों को तुरंत एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाला गया।
टायर में आग लगने की जानकारी मिलते ही यात्रियों में दहशत फैल गई और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। बस में करीब 40 यात्री सवार थे, जिनमें 2 से 8 वर्ष की आयु के 5 बच्चे भी शामिल थे। सभी यात्री बस से सुरक्षित बाहर निकलने के बाद राहत महसूस करने लगे। थोड़ी देर बाद आग पर काबू पा लिया गया और यात्रियों को उसी बस से उनके गंतव्य तक भेजा गया। इस दौरान यात्रियों को लगभग आधा घंटे तक इंतजार करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, बड़ी बसों में 5 से 10 किलो क्षमता का फायर एक्सटिंग्विशर होना अनिवार्य होता है, लेकिन इस बस में केवल लगभग आधा किलो क्षमता का फायर एक्सटिंग्विशर पाया गया, जिससे आग पर तुरंत काबू नहीं पाया जा सका।
बस के टायर में आग लगने की घटना से ड्राइवर और कंडक्टर दोनों अनजान रहे। गनीमत रही कि समय रहते सैलून संचालक की नजर पड़ गई और बस को रोक लिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यदि कुछ और देर हो जाती तो आग पूरे बस में फैल सकती थी।
श्रीभान सेन ने तुरंत पास के होटल में मौजूद केरेगांव पुलिस पेट्रोलिंग टीम को सूचना दी। इसके बाद पुलिस और राहुल सेन ने मिलकर बस का पीछा किया और लगभग 5 किलोमीटर दूर खाड़ादाह के पास बस को रोक लिया। इसके बाद सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया और बड़ा हादसा टल गया।