MP News: एमपी के इस जिले में अवैध कॉलोनियों की बढ़त ने प्रशासन को सख्त रुख अपनाने पर मजबूर कर दिया है। शासन के कड़े निर्देशों के बाद फरवरी से प्लॉटिंग माफिया पर बड़ी कार्रवाई तय मानी जा रही है।
Bulldozer Action: धार जिले में तेजी से पनप रही अवैध कॉलोनियों पर अब प्रशासन का डंडा चलने जा रहा है। संचनालय नगरीय एवं प्रशासन विकास विभाग के सख्त पत्र के बाद धार कलेक्टर ने जिले के सभी अनुविभागीय अधिकारियों (एसडीएम) और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों (सीएमओ) को कार्रवाई के निर्देश जारी कर दिए है।
पत्र में साफ कहा गया है कि बिना सक्षम अनुमति के कॉलोनी काटने, प्लॉट बेचने और मकान निर्माण की स्थिति में जुर्माना ही नहीं, बल्कि तीन से सात वर्ष तक का कारावास और गंभीर मामलों में अधिकतम 10 वर्ष तक की सजा का भी प्रावधान है। फिलहाल प्रशासन वसंत पंचमी उत्सव के तहत कानून व्यवस्था की तैयारियों में व्यस्त है, ऐसे में फरवरी माह से अवैध कॉलोनियों पर ठोस कार्रवाई शुरू होने की संभावना जताई जा रही है। (MP News)
धार जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में छोटी भूमियों को खंड-खंड में बांटकर प्लॉट काटने और बगैर अनुमति मकान बनाकर बेचने लगातार जारी है। धारा का काम 339 का खुलेआम उल्लंघन करते हुए कुम्हार गड्ढा क्षेत्र, झिरन्या रोड, जेल रोड, अर्जुन कॉलोनी क्षेत्र में अनाधिकृत कॉलोनियों का विकास किया जा रहा है। कई मामलों में बड़ी भूमि को 8 से 10 साझेदारों में बांटकर पहले क्रय-विक्रय किया जाता है, इसके बाद प्रत्येक व्यक्ति अपने हिस्से में अलग-अलग प्लॉट काटकर बिक्री कर देता है।
जिले में 13 नगर निकाय हैं, लेकिन अवैध कॉलोनियों (Illegal Colonies) की गंभीरता को देखते हुए पीथमपुर, धार, मनावर, सरदारपुर, बदनावर और कुक्षी के राजस्व व निकाय अधिकारियों को विशेष कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का मानना है कि यदि अभी सख्ती नहीं बरती गई, तो भविष्य में इन कॉलोनियों में सडक, पानी, बिजली और सीवरेज जैसी मूलभूत सुविधाएं देना बड़ी समस्या बन सकता है। पत्र में स्पष्ट किया गया है कि कॉलोनाइजर लाइसेंस, विकास अनुज्ञा के बिना भूखंड बेचने पर भू-स्वामी ही नहीं, सहयुक्त व्यक्त्ति भी दोषी माने जाएंगे।
3 दिसंबर 2025 को एडीएम संजीव केशव पांडे की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए थे. इनमें पीथमपुर 22 अवैध कॉलोनियां (पहला स्थान), धार 13 अवैध कॉलोनियां, धामनोद में 2022 के बाद 11 कॉलोनियां थी, पीथमपुर की स्थिति सबसे गंभीर है, जहां कई कॉलोनियों के नाम तक दर्ज नहीं हैं। केवल जमीन मालिक का नाम दर्ज है और जमीन पर मकानों का निर्माण जारी है। (MP News)
कोई भी बड़ा भूखंड यदि खंड-खंड में प्लॉट के रूप में बेचा जा रहा है या उस पर मकान बनाकर बिक्री की जा रही है, तो सक्षम अनुमति आवश्यक है। इसके बिना किया गया निर्माण या बिक्री विधि सम्मत नहीं है। - सुनील जॉन मिंज, सहायक संचालक, टीएंडसीपी धार
कलेक्टर के माध्यम से अनाधिकृत कॉलोनियों पर कार्रवाई को लेकर पत्र जारी किए जा रहे हैं। जहां भी इस तरह की कॉलोनी पाई जाएगी, संबंधित अधिकारी कार्रवाई करेंगे।- विश्वनाथ सिंह, डूडा अधिकारी, धार