
Dhar Neha Kachwaya Suicide Case: मध्यप्रदेश के धार जिले के पीथमपुर में एक दिन पहले कथित रूप से आग लगाकर आत्महत्या करने वाली 23 साल की नेहा कछवाया की मौत का मामला अब 22 पन्नों की डायरी मिलने के बाद नया मोड़ ले चुका है। सागौर थाना क्षेत्र की मोती नगर कॉलोनी में रहने वाली नेहा बीए प्रथम वर्ष की छात्रा थी। परिजनों ने पुलिस को 22 पन्नों की हस्तलिखित डायरी सौंपी है, जिसमें युवती ने अपनी मौत के लिए कई लोगों को जिम्मेदार ठहराया है।
परिजनों के अनुसार, मोती नगर निवासी नेहा कछवाया मंगलवार देर रात अपने कमरे में थी। रात करीब 10:30 बजे सभी लोग भोजन कर सो गए थे। देर रात करीब 2 बजे कमरे से चीखने की आवाज सुनाई दी। जब परिवार के सदस्य पहुंचे तो कमरे में आग की लपटें उठ रही थीं और धुआं फैला हुआ था। पड़ोसियों की मदद से आग बुझाने का प्रयास किया गया, लेकिन तब तक नेहा गंभीर रूप से झुलस चुकी थी और उसकी मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही सागौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची।
घटनास्थल की तलाशी के दौरान पुलिस को एक नोटबुक मिली, जिसमें 22 पन्नों का विस्तृत लेखन था। परिजनों ने भी इसे नेहा की लिखावट बताते हुए पुलिस को सौंप दिया है। पुलिस ने डायरी जब्त कर जांच में शामिल कर लिया है। डायरी में नेहा ने लिखा है कि वह लंबे समय से पारिवारिक विवादों और मानसिक तनाव से गुजर रही थी। उसने अपने भाई की पत्नी तथा उसके मायके पक्ष के कुछ लोगों पर परिवार को लगातार प्रताड़ित करने के आरोप लगाए हैं। डायरी में यह भी उल्लेख है कि परिवार को झूठे मामलों में फंसाने की धमकियां दी जाती थीं। युवती ने कुछ लोगों पर उसके साथ छेड़छाड़ करने, विरोध करने पर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के भी आरोप लिखे हैं।
डायरी में नेहा ने अपने मंगेतर और उसके परिवार के कुछ सदस्यों का भी उल्लेख किया है। उसने लिखा कि रिश्ते के दौरान उसे लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया और सार्वजनिक रूप से अपमानित किया गया। युवती के अनुसार इन घटनाओं ने उसे गहरे मानसिक तनाव और अवसाद में पहुंचा दिया था। अपने अंतिम पत्र में नेहा ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री से भी भावुक अपील की है। उसने ऐसी बेटियों और बहनों के लिए सुरक्षित आश्रय की व्यवस्था किए जाने की बात लिखी है, जो पारिवारिक परिस्थितियों के कारण स्वयं को असहाय महसूस करती हैं। साथ ही अपनी छोटी बहन के नाम संदेश लिखकर उसे पढ़ाई जारी रखने और परिवार की जिम्मेदारियां संभालने की सीख दी है।
सागौर थाना प्रभारी प्रकाश सरोदे ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। परिजनों द्वारा सौंपी गई 22 पन्नों की डायरी को जब्त कर लिया गया है। डायरी में लिखे प्रत्येक आरोप और तथ्यों की गहन जांच की जा रही है। जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।