इस महीने कौन-कौन से हैं त्यौहार और पर्व, जानें यहां...
त्यौहार और पर्वों का सनातन धर्म में एक खास महत्व है। ऐसे में हर माह आने वाले विभिन्न तीज-त्यौहार को लेकर विशेष उत्साह का माहौल रहता है। ऐसे में जहां पिछले 1 वर्ष से अधिक समय से कोरोना संक्रमण के कारण ये festivels पूर्ण उत्साह के साथ नहीं मनाए जा पा रहे हैं, ऐसे में एक बार फिर देश में कोरोना की दूसरी लहर के चलते Corona pandemic के इजाफे के कारण मई 2021 के तीज त्यौहार भी पूरे उत्साह के साथ नहीं मनाए जा सके हैं, ऐसे में अब जून 2021 में आने वाले पर्वो और त्यौहारों को लेकर एक बार फिर लोग चिंतित हैं।
वहीं ज्योतिष के जानकारों के अनुसार ग्रहों की दशा और दिशा जून 2021 में कोरोना के प्रकोप में कमी लाते दिख रहे हैं, जिसके चलते भक्तों के मन में एक बार फिर आशा जाग रही है।
पंडित एसके पांडेय के अनुसार जून 2021 के दूसरे दिन ही कालाष्टमी है। वहीं इस महीने में वट सावित्री व्रत भी होगा। इनके अलावा Ganga Dushera और निर्जला एकादशी भी इसी माह यानि जून 2021 में मनाई जाएगी।
इन सब के अलावा महेश नवमी और भौम प्रदोष के अतिरिक्त ज्येष्ठ पूर्णिमा भी इसी माह होगी।
Festivals of June 2021 : ऐसे समझें पर्व व त्योहार...
- 02 जून: कालाष्टमी
कालाष्टमी व्रत भगवान भैरव के भक्तों के लिए बहुत महत्वपूर्ण दिन होता है। यह व्रत प्रत्येक महीने के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन भगवान भैरव के भक्त पूरे दिन उपवास रखते है और वर्ष में सभी kalashtami के दिन उनकी पूजा करते हैं। इस बार कालाष्टमी पर्व 2 जून पड़ रहा है। इस दिन भैरव बाबा के लिए कालाष्टमी व्रत रखा जाता है।
ज्येष्ठ, कृष्ण अष्टमी
प्रारम्भ - 12:46 AM, जून 02
समाप्त - 01:12 AM, जून 03
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- 06 जून: अपरा एकादशी
ज्येष्ठ मास के कृष्णपक्ष की एकादशी को अपरा या अचला एकादशी कहते हैं। इस साल अपरा एकादशी 06 जून को है। हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व होता है। हर महीने कृष्ण व शुक्ल पक्ष में एकादशी व्रत रखा जाता है। ऐसे में हर महीने दो व्रत रखे जाते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, Aapra ekadashi का व्रत व पूजन करने से व्यक्ति के पापों का अंत होता है। भक्त की सभी मनोकामनाएं पूरी होने की भी मान्यता है।
अपरा एकादशी 2021...
एकादश तिथि का प्रारंभ: जून 05 04:07 AM – जून 06 06:19 AM
एकादशी तिथि का समापन : जून 06 06:19 AM – जून 07 08:48 AM
पारणा मुहूर्त :05:22:43 से 08:09:35 तक 7 जून
अवधि :2 घंटे 46 मिनट
अपरा एकादशी के दिन चंद्रमा मेष राशि और सूर्य वृषभ राशि में है। सूर्य नक्षत्र रोहिणीऔर नक्षत्र पद अश्विनी और भरणी रहेगा।
- 07 जून: सोम प्रदोष व्रत
इस माह 07 जून को प्रदोष व्रत रखा जाएगा, वहीं इस दिन सोमवार होने के कारण इसे Som Pradosh माना जाएगा। दरअसल हिन्दू पंचांग के मुताबिक हर माह की त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत रखा जाता है। माना जाता है कि प्रदोष व्रत के दिन भगवान शिव की पूजा करने से कष्टों से मुक्ति मिलती है और सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं।
इस दिन त्रयोदशी तिथि सुबह 08 बजकर 48 मिनट से शुरू होकर 08 जून को सुबह 11 बजकर 24 मिनट तक रहेगी।
- 10 जून: वट सावित्री व्रत / शनि जयंती
सनातन धर्म में वट सावित्री व्रत का खास महत्व माना जाता है। ये व्रत हर साल ज्येष्ठ अमावस्या को मनाया जाता है। इस साल 2020 में भी ये व्रत ज्येष्ठ अमावस्या यानि 10 जून, गुरुवार को मनाया जाएगा। इस दिन महिलाएं अखंड सौभाग्य और संतान प्राप्ति की कामना के लिए व्रत करती हैं। Vat Savitri Vrat में बरगद के पेड़ की पूजा की जाती है। वहीं इस बार इसी दिन अमावस्या, सूर्य ग्रहण और शनि जयंती भी हैं।
वट सावित्री 2021 : शुभ मुहूर्त...
व्रत तिथि : 10 जून 2021 दिन गुरुवार
अमावस्या प्रारंभ : 9 जून 2021 को दोपहर 01:57 बजे
अमावस्या समाप्त : 10 जून 2021 को शाम 04:20 बजे
व्रत पारण : 11 जून 2021 दिन शुक्रवार
- 19 जून: महेश नवमी
महेश नवमी 19 जून को है। प्रति वर्ष ज्येष्ठ माह में शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को Mahesh Navmi पर्व मनाया जाता है। माहेश्वरी समाज की उत्पत्ति भगवान शिव के वरदान स्वरूप मानी गई है जिसका उत्पत्ति दिवस ज्येष्ठ शुक्ल नवमी है।
महेश नवमी पूजा समय...
नवमी तिथि प्रारंभ : 18 जून 2021 : 20:35
नवमी तिथि समाप्त : 19 जून 2021 : 18:45
- 20 जून: गंगा दशहरा
सनातन धर्म में गंगा दशहरा का महत्व धार्मिक परंपराओं और मान्यताओं वाले त्योहार के रूप में है। प्रत्येक वर्ष ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को गंगा दशहरा Ganga Dussehra मनाने की परंपरा चली आ रही है। इस साल यह तिथि 20 जून 2021 है।
मान्यता के अनुसार गंगा दशहरा के दिन ही मां गंगा का धरती पर अवतरण हुआ था और तभी से मां गंगा को पूजने की परंपरा शुरू हो गई। यह भी माना जाता है कि इस दिन गंगा में स्नान करने और दान करने से सभी पाप धुल जाते हैं और मुक्ति मिलती है।
गंगा दशहरा शुभ मुहूर्त...
गंगा दशहरा : 20 जून 2021 : दिन रविवार
दशमी तिथि प्रारंभ : 19 जून 2021, शनिवार : शाम 06:50 बजे से
दशमी तिथि समाप्त : 20 जून 2021,रविवार : शाम 04:25 बजे
- 21 जून: निर्जला एकादशी / गायत्री जयंती
ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष में पड़ने वाली एकादशी को निर्जला एकादशी कहा जाता है। सभी 24 एकादशियों में यह एकादशी सबसे श्रेष्ठ मानी जाती है। इसे भीमसैनी एकादशी भी कहते हैं। इस साल 2021 में 21 जून को Nirjala Ekadashi है। इस दिन कठोर नियमों का पालन करते हुए भगवान विष्णु का भजन-कीर्तन और उपवास किया जाता है।
इसके अलावा 21 जून को ही गायत्री का पर्व भी है। यह पर्व मां गायत्री का जन्मोत्सव है। Maa Gayatri को वेद माता भी कहा जाता है। हिन्दू पंचांग के अनुसार गायत्री जयंती का पर्व प्रति वर्ष ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को मनाया जाता है।
निर्जला एकादशी का शुभ मुहूर्त और पारण...
एकादशी तिथि का प्रारंभ: 20 जून 04.21 PM – 21 जून 01.31 PM
एकादशी तिथि का समापन : 21 जून 01:31 PM –22 जून 10.44 AM
पारण का समय : 22 जून सुबह 5.21 AM से 08.12 AM तक
List of Festival June 2021 : जून 2021: व्रत एवं त्योहारों की सूची...
02 जून: कालाष्टमी
06 जून: अपरा एकादशी
07 जून: सोम प्रदोष व्रत
08 जून: मासिक शिवरात्रि
10 जून: सूर्य ग्रहण रहेगा इस दिन रोहिणी व्रत, वट सावित्री व्रत, अमावस्या, शनि जयंती
14 जून: विनायक चतुर्थी
19 जून: महेश नवमी
20 जून: गंगा दशहरा
21 जून: निर्जला एकादशी / गायत्री जयंती
22 जून: भौम प्रदोष
24 जून: ज्येष्ठ पूर्णिमा / कबीरदास जयंती
27 जून: संकष्टी चतुर्थी