Karwa Chauth Mantra करवा चौथ पर महिलाएं निर्जला व्रत रखकर शाम को पूजा करती हैं। लेकिन क्या आपको मालूम है, करवा चौथ के मंत्र, जिनका पूजा के दौरान जाप करने से व्रत का पूरा फल मिलता है। आइये पढ़ें करवा चौथ मंत्र (Karwa Chauth Mantra)
करकं क्षीरसंपूर्णा तोयपूर्णमयापि वा।
ददामि रत्नसंयुक्तं चिरंजीवतु मे पतिः॥
इति मन्त्रेण करकान्प्रदद्याद्विजसत्तमे।
सुवासिनीभ्यो दद्याच्च आदद्यात्ताभ्य एववा।।
एवं व्रतंया कुरूते नारी सौभाग्य काम्यया।
सौभाग्यं पुत्रपौत्रादि लभते सुस्थिरां श्रियम्।।
देहि सौभाग्यं आरोग्यं देहि मे परमं सुखम।
रूपं देहि, जयं देहि, यशो देहि द्विषो जहि।।
मम सुख सौभाग्य पुत्र-पौत्रादि सुस्थिर
श्री प्राप्तये करक चतुर्थी व्रतमहं करिष्ये।
1. ॐ गणेशाय नमः
2. ॐ नमः शिवाय
3. ॐ शिवायै नमः
4. ॐ षण्मुखाय नमः
5. ॐ सोमाय नमः
'ऊँ अमृतांदाय विदमहे कलारूपाय धीमहि तत्रो सोम: प्रचोदयात'
नमः शिवायै शर्वाण्यै सौभाग्यं संतति शुभाम्।
प्रयच्छ भक्तियुक्तानां नारीणां हरवल्लभे॥
देहि सौभाग्यं आरोग्यं देहि मे परमं सुखम, रूपं देहि जयं देहि यशो देहि द्विषो जहि
करकं क्षीरसम्पूर्णा तोयपूर्णमथापि वा।
ददामि रत्नसंयुक्तं चिरञ्जीवतु मे पतिः॥
ॐ जय करवा मैया, माता जय करवा मैया
जो व्रत करे तुम्हारा, पार करो नइया
ओम जय करवा मैया
सब जग की हो माता, तुम हो रुद्राणी
यश तुम्हारा गावत, जग के सब प्राणी
कार्तिक कृष्ण चतुर्थी, जो नारी व्रत करती
दीर्घायु पति होवे , दुख सारे हरती
ओम जय करवा मैया, माता जय करवा मैया
जो व्रत करे तुम्हारा, पार करो नइया
होए सुहागिन नारी, सुख संपत्ति पावे
गणपति जी बड़े दयालु, विघ्न सभी नाशे
ओम जय करवा मैया, माता जय करवा मैया
जो व्रत करे तुम्हारा, पार करो नइया
करवा मैया की आरती, व्रत कर जो गावे
व्रत हो जाता पूरन, सब विधि सुख पावे
ओम जय करवा मैया, माता जय करवा मैया.
जो व्रत करे तुम्हारा, पार करो नइया।