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सर्दी-बुखार दूर करने में रामबाण हैं ये आयुर्वेदिक काढ़े, जानिए कैसे बनाएं

Home Remedies For cold and Flu: उबलते पानी में पिसी लौंग, काली मिर्च, इलायची, अदरक व गुड़ डाल दें। थोड़ी देर बाद तुलसी की पत्तियां डाल दें। उसके बाद चायपत्ती डालें। जब पानी आधा रह जाए तो...
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Dec 10, 2019
Ancient Ayurvedic
Ancient Ayurvedic

Home Remedies For cold and Flu: सर्दी-खांसी व बुखार हो जाए तो पूरा शरीर जकड़ सा जाता है। पुराने समय से ही दुनियाभर में माैसमी बीमारियाें काे दूर करने के लिए घरेलू नुस्खाें के ताैर पर आयुर्वेदिक काढ़ाें का प्रयाेग किया जाता रहा है। वर्तमान में भी इन काढ़ाें की उपयाेगिता जस की तस बनी हुर्इ है। ये काढ़े आज भी कर्इ बीमारियां दूर करने और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में कारगर हैं। आइए जानते हैं कैसे बनाएं ये सेहतमंद काढ़े :-

अदरक, गुड़ का काढ़ा
उबलते पानी में पिसी लौंग, काली मिर्च, इलायची, अदरक व गुड़ डाल दें। थोड़ी देर बाद तुलसी की पत्तियां डाल दें। उसके बाद चायपत्ती डालें। जब पानी आधा रह जाए तो गैस बंद कर पानी को छान लें। इसे गर्म पीना ही फायदेमंद रहेगा।

काली मिर्च, नींबू का काढ़ा
एक चम्मच काली मिर्च, 4 चम्मच नींबू का रस व एक कप पानी में मिलाकर गर्म करें और सुबह-सुबह रोजाना पीएं। काढ़ा ठंडा होने के बाद इसमें शहद भी डाल सकते हैं। सर्दी-जुकाम में आराम मिलता है। शरीर की चर्बी भी कम होती है।

अजवायन, गुड़ का काढ़ा
एक गिलास पानी उबलने के लिए रख दें। जब उबाल आने लगे तो थोड़ा सा गुड़ डाल दें और एक चम्मच अजवायन डाल दें। आधा ग्लास होने तक उबालें। इसे छानकर गुनगुना कर लें और पीएंं। खांसी, पेट दर्द में आराम मिलता है।

दालचीनी का काढ़ा
एक गिलास पानी में आधा चम्मच दालचीनी पाउडर डालकर धीमी आंच पर 10 मिनट तक पकाएं। ठंडा होने पर एक चम्मच शहद डालकर पीएं। जुकाम व खांसी में फायदा मिलता है।

सफेद प्याज का काढ़ा
सबसे पहले अच्छी तरीके से प्याज को साफ कर लें फिर इसे पानी में डालकर तब तक उबाले जब तक इसका पानी आधा हो जाए। इसके बाद गाढ़ा होने तक पकाएं। कड़वापन कम करने के लिए इसमें आप गुड़ भी मिला सकते हैं। यह आपको अंदर से गर्म रखता है जिससे आपको सर्दी, खांसी की समस्या कम होती है।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
Published on:
10 Dec 2019 05:20 pm