
डूंगरपुर। बिछीवाड़ा थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे-48 पर केमिकल से भरा टैंकर अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे के बाद टैंकर में भीषण आग लग गई। इससे टैंकर में फंसे चालक की जिंदा जलने से मौत हो गई, जबकि परिचालक गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद हाईवे पर अफरा-तफरी मच गई। थानाधिकारी देवेंद्र देवल ने बताया कि केमिकल से भरा टैंकर वडोदरा से उत्तर प्रदेश की ओर जा रहा था। गोगा मोड़ के समीप अचानक टैंकर अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे में चालक अंदर फंस गया, वहीं परिचालक कांच टूटने से बाहर जा गिरा।
टैंकर पलटने के कुछ ही देर बाद उसमें आग लग गई और देखते ही देखते आग ने पूरे टैंकर को चपेट में ले लिया। सूचना पर बिछीवाड़ा पुलिस मौके पर पहुंची। दमकल की मदद से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक टैंकर में फंसे मध्यप्रदेश निवासी चालक राजाराम चौहान पुत्र नाना सिंह चौहान की जिंदा जलने से मौत हो चुकी थी। पुलिस ने गंभीर रूप से घायल परिचालक को बिछीवाड़ा अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका उपचार जारी है।
बिछीवाड़ा थानाधिकारी देवेंद्र देवल ने बताया कि केमिकल से भरा टैंकर बड़ौदा से उत्तर प्रदेश की ओर जा रहा था। इसी दौरान रविवार दोपहर गोगा फला के पास टैंकर बेकाबू होकर पलट गया और भीषण आग लग गई। हादसे के दौरान ड्राइवर राजाराम चौहान टैंकर के अंदर फंस गया। आग की चपेट में आने के कारण वह जिंदा जल गया। वहीं, उसका हेल्पर भांजा जगदीश मौर्य हादसे के बाद टैंकर से बाहर निकल आया, जिससे उसकी जान बच गई।
डूंगरपुर जिले की ओर आने वाले करीब 32 किलोमीटर लंबे नेशनल हाईवे 48 के इस हिस्से में कई खतरनाक मोड़ है। इन मोड़ों के कारण आए दिन सड़क हादसे होते रहते हैं। विशेषकर केमिकल से भरे टैंकरों के पलटने की घटनाएं पहले भी सामने आ चुकी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे के इस हिस्से में हादसों पर अंकुश लगाने के लिए सुरक्षा इंतजाम और खतरनाक मोड़ों पर आवश्यक सुधार की जरूरत है।