इनकम टैक्‍स डिपार्टमेंट ने आईटीआर-2 लॉन्‍च किया है, जो असेसमेंट ईयर 2018-19 के लिए तीसरा रिटर्न फॉर्म है।
नई दिल्ली। जीएसटी लागू होने के बाद केंद्र सरकार और उनकी संबंधित एजेंसीज इसे ज्यादा से सरल बनाने की कोशिशों में जुटी हुई हैं। ताकि लोगों को टैक्स में भरने में किसी तरह की कोई परेशानी ना हो। इसी को लेकर हर श्रेणी के लोगों के लिए अलग आईटीआर फॉर्म तैयार कर देश की जनता के सामने रखे जा रहे हैं। अब इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने एक और नया आईटीआर फॉर्म लांच किया है। आइए आपकको भी बताते हैं यह फॉर्म किन लोगों के लिए जरूरी है और इस फॉर्म को भरने और जमा करने की आखिरी तारीख कौन सी है।
ये फॉर्म हुआ लांच
इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने आईटीआर-2 लॉन्च किया है, जो असेसमेंट ईयर 2018-19 के लिए तीसरा रिटर्न फॉर्म है। यह फॉर्म ऑफिशियल ई-फाइलिंग पोर्टल पर लोगों के लिए उपलब्ध है। यह रिटर्न जमा कराने की आखिरी तारीख 31 जुलाई है। आपको बता दें कि इससे पहले इनकम टैक्स डिपार्टमेंट दो और आईटीआर फॉर्म लोगों के लिए निकाल चुका है।
इन लोगों को भरना होगा यह फॉर्म
यह आर्इटीआर-2 का इस्तेमाल किसी इंडिविजुअल और हिंदू अविभाजित परिवार (एचयूएफ) द्वारा किया जाता है, जिनके पास व्यापार या प्रोफेशन के गेन्स और प्रॉफिट से इनकम के अलावा किसी अन्य सोर्स से आय होती है।
और भी लांच होने जा रहे हैं फॉर्म
इसके साथ विभाग ने कुल तीन आयकर रिटर्न (आईटीआर) को एक्टिवेट किया है, जिसमें आईटीआर -1 या सहज और आईटीआर -4 शामिल हैं, जो ई-फाइलिंग वेबसाइट पर 10 मई को एक्टिवेट किए गए थे। सीबीडीटी ने ने आज एक एडवाइजरी में कहा कि अन्य आईटीआर जल्द ही उपलब्ध होंगे।" इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने फॉर्म विभाग की वेबसाइट पर उपलब्ध कराए गए हैं - https://www.incometaxindiaefiling.gov.in।
विभाग का का दावा सभी फॉर्म हैं तर्कसंगत
केन्द्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी), जो कि कर विभाग के लिए नीति तैयार करता है, ने कहा था कि कुछ क्षेत्रों को नवीनतम रूपों में "तर्कसंगत" किया गया है और पिछले वर्ष की तुलना में आईटीआर दर्ज करने के तरीके में कोई बदलाव नहीं आया है । टैक्स पेयर्स की कुछ कैटेगिरी को छोड़कर सभी सात आईटीआर फॉर्म इलेक्ट्रॉनिक रूप से दायर किए जाएंगे।