
Union Public Service Commission (UPSC) द्वारा आयोजितUPSC CSE Prelims 2025 का आयोजन कल, 25 मई को देशभर के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर संपन्न हुआ। यह परीक्षा दो चरणों में आयोजित की गई। पहला पेपर (जनरल स्टडीज) सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक हुआ, जबकि दूसरा पेपर (सीसैट) दोपहर 2:30 बजे से 4:30 बजे तक लिया गया। दोनों परीक्षाएं ऑफलाइन मोड में आयोजित की गईं।
पेपर 1, यानी जनरल स्टडीज को लेकर छात्रों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आईं। कई उम्मीदवारों ने बताया कि भूगोल और करेंट अफेयर्स से संबंधित प्रश्न अपेक्षाकृत कठिन थे। वहीं, राजनीति, इतिहास और पर्यावरण जैसे विषयों पर पूछे गए सवाल मध्यम स्तर के थे। कई विशेषज्ञ भी राय दे रहे हैं कि इस बार का क्वेश्चन पेपर कठिनाई के लिहाज से मीडियम से लेकर थोड़ा टफ स्तर तक का रहा।
पेपर 2, यानी CSAT को लेकर भी छात्रों की प्रतिक्रियाएं भिन्न रहीं। कुछ उम्मीदवारों ने इसे अपेक्षाकृत लंबा बताया, खासकर कॉम्प्रिहेंशन आधारित प्रश्नों की संख्या अधिक होने के कारण। हालांकि पेपर में किसी बड़े बदलाव की बात नहीं कही गई, लेकिन कई छात्रों ने समय प्रबंधन को चुनौतीपूर्ण बताया, खासकर लॉजिकल रीजनिंग और विश्लेषणात्मक प्रश्नों के संदर्भ में।
परीक्षा में बैठे उम्मीदवारों ने अलग-अलग प्लेटफार्म से बताय कि परीक्षा का लेवल ठीक था। ना ही बहुत आसान और ना ही बहुत कठिन था। हालांकि कठिन या आसान का सवाल प्रश्न पत्र और विषय के अनुसार अलग-अलग भी थे। अभ्यर्थियों ने बताया कि कोई विषय आसान तो कुछ विषय को लेकर थोड़ी मुश्किल होने के बात कही गई। सोशल मीडिया पर आए रिएक्शन को भी आप देख सकते हैं।
यूपीएससी प्रीलिम्स परीक्षा में दो ऑब्जेक्टिव टाइप के पेपर शामिल होते हैं, प्रत्येक पेपर 200 अंकों का होता है।
पेपर 1 में इतिहास, राजनीति, अर्थव्यवस्था, भूगोल, पर्यावरण और विज्ञान-टेक्नोलॉजी से प्रश्न पूछे जाते हैं।
पेपर 2 (CSAT) में अभ्यर्थियों की समझ, तर्कशक्ति और विश्लेषणात्मक क्षमताओं की जांच की जाती है। इस पेपर को पास करने के लिए न्यूनतम 33% अंक अनिवार्य होते हैं। दोनों पेपरों की अवधि दो घंटे निर्धारित की गई है।
यूपीएससी की आधिकारिक वेबसाइट upsc.gov.in पर जल्द ही आंसर-की (Answer Key) जारी की जाएगी। इसके बाद उम्मीदवारों को उत्तरों पर आपत्ति दर्ज कराने का अवसर मिलेगा। इसके लिए आयोग एक निश्चित समय सीमा भी निर्धारित करेगा।