Ranya Rao gold smuggling case: रान्या राव को जेल से राहत मिली है, जिससे उनकी कानूनी लड़ाई में थोड़ी राहत मिली है। हालांकि, ये राहत उन्हें ईडी (एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट) की चार्जशीट से मुक्ति नहीं दिला पाई है और जांच जारी है।
Ranya Rao gold smuggling case: प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पूर्व एक्ट्रेस और मॉडल हर्षवर्दिनी रान्या उर्फ रान्या राव सहित अन्य के खिलाफ 102.55 करोड़ रुपये की सोने की तस्करी के मामले में आरोपपत्र दाखिल किया था, लेकिन अब कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री की एक्ट्रेस रान्या राव जल्द ही जेल से बाहर आ सकती हैं। 102 करोड़ रुपये के गोल्ड स्मगलिंग केस में रान्या की रिहाई बुधवार 22 अप्रैल को होने की उम्मीद जताई जा रही है।
इससे पहले ईडी के जांच में सामने आया था कि मार्च 2024 से मार्च 2025 के बीच करीब 127.287 किलोग्राम सोना तस्करी के जरिए भारत लाया गया। इस सोने की कुल कीमत 102.55 करोड़ रुपये के आसपास है, जो अवैध सोना तस्करों और जौहरी नेटवर्क के माध्यम से घरेलू बाजार में बेचा गया था।
बता दें, हाई कोर्ट ने रान्या को जमानत दे दी थी, लेकिन COFEPOSA यानी कंजर्वेशन ऑफ फॉरेन एक्सचेंज एंड प्रिवेंशन ऑफ स्मगलिंग एक्टिविटीज एक्ट के तहत उन्हें बेंगलुरु की परप्पना अग्रहारा सेंट्रल जेल में रखा गया था। इस कानून के तहत स्मगलिंग के आरोपियों को अधिकतम 1 साल तक बिना जमानत हिरासत में रखा जा सकता है। अब वो एक साल की अवधि पूरी हो गई है, जिससे उनकी रिहाई का रास्ता साफ हो गया है।
इतना ही नहीं, 3 मार्च 2025 को डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस के अधिकारियों ने बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर रान्या को गिरफ्तार किया था। उनके पास से 14.213 किलोग्राम 24 कैरेट विदेशी सोना बरामद हुआ था जिसकी कीमत करीब 12.56 करोड़ रुपये बताई गई। घर की तलाशी में 2.67 करोड़ रुपये नकद और 2.06 करोड़ रुपये की सोने की ज्वेलरी भी जब्त की गई थी।
जांच में ज्वैलर साहिल जैन का नाम भी सामने आया, जिन पर तस्करी का सोना बेचने में मदद करने का आरोप है। ED ने रान्या, साहिल जैन और तरुण कोंडुरु के खिलाफ PMLA के तहत चार्जशीट भी दाखिल कर दी है।बता दें, रान्या राव ने 'माणिक्य', 'वाघा' और 'पटकी' जैसी कन्नड़ फिल्मों में एक्टिंग से अपनी पहचान बनाई है।