Thalapathy Vijay-Trisha Affair Rumours: तमिलनाडु के सीएम बने थलापति विजय और तृषा के कथित रिश्ते को लेकर अब सिंगर सुचित्रा ने अपना रिएक्शन दिया है।
Thalapathy Vijay-Trisha Affair Rumours: तमिल सिनेमा के सुपरस्टार और अब तमिलनाडु के सीएम बन चुके थलपति विजय इन दिनों सिर्फ अपनी ऐतिहासिक राजनीतिक जीत को लेकर ही नहीं बल्कि निजी जिंदगी को लेकर भी लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं।
एक तरफ उनकी पार्टी टीवीके ने तमिलनाडु की राजनीति में नया इतिहास रच दिया है, तो दूसरी तरफ एक्ट्रेस तृषा कृष्णन के साथ उनके कथित रिश्ते की चर्चाएं भी लगातार तेज हो रही हैं। अब इस पूरे विवाद पर साउथ इंडस्ट्री की मशहूर सिंगर सुचित्रा ने ऐसा बयान दे दिया है जिसने सोशल मीडिया पर नई बहस छेड़ दी है।
सुचित्रा ने हाल ही में दिए एक इंटरव्यू में बिना किसी हिचकिचाहट के तृषा कृष्णन पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उन्हें तृषा बिल्कुल पसंद नहीं हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने एक्ट्रेस को सफल लोगों की जिंदगी में आने वाला ‘पैरासाइट’ तक बता डाला। सिंगर का ये बयान सामने आते ही इंटरनेट पर बवाल मच गया और विजय-तृषा के रिश्ते को लेकर फिर चर्चाएं शुरू हो गईं। गायिका ने कहा, 'मुझे तृषा बिल्कुल भी पसंद नहीं।'
तृषा और विजय के रिश्ते की अफवाहें पिछले कई महीनों से लगातार चर्चा में हैं। खासतौर पर तब से जब विजय की पत्नी संगीता ने तलाक की अर्जी दाखिल की। रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि संगीता ने अपने पति पर एक अभिनेत्री के साथ करीबी रिश्ते होने का आरोप लगाया था।
हालांकि किसी का नाम सामने नहीं आया, लेकिन सोशल मीडिया पर लोग इस अभिनेत्री को तृषा कृष्णन से जोड़ने लगे। इसके बाद दोनों सितारों को कई मौकों पर साथ देखा गया, जिसने इन अफवाहों को और हवा दे दी।
चेन्नई में एक शादी समारोह में विजय और तृषा की साथ मौजूदगी का वीडियो वायरल हुआ था। बाद में जब विजय की पार्टी को चुनाव में बड़ी बढ़त मिली तो तृषा उनके घर पहुंचीं। इन घटनाओं ने फैंस के बीच तरह-तरह की चर्चाओं को जन्म दिया। हालांकि विजय और तृषा दोनों ने ही अब तक इन खबरों पर चुप्पी साध रखी है।
सुचित्रा ने इंटरव्यू में विजय का खुलकर समर्थन भी किया। उन्होंने कहा कि विजय इस समय जिंदगी के बेहद मुश्किल दौर से गुजर रहे हैं। उनके मुताबिक, अभिनेता ने खुद को परिवार और करीबियों से अलग कर लिया है और यही वजह है कि वह अकेले पड़ गए हैं। सिंगर का मानना है कि राजनीति जैसी कठिन दुनिया में विजय को अपने पिता एसए चंद्रशेखर के अनुभव और मार्गदर्शन की जरूरत है।