मजदूर की हत्या मात्र 20000 रूपये की उधारी के चक्कर में दो मजदूर साथियों द्वारा की गई थी।
इटावा. उत्तर प्रदेश के इटावा जिले के थाना सैफई क्षेत्र में हुई नव निर्मित अस्पताल के मजदूर की हत्या की वारदात का खुलासा करते हुए पुलिस ने एक हत्यारोपी को गिरफतार करने का दावा किया है । मजदूर की हत्या मात्र 20000 रूपये की उधारी के चक्कर में दो मजदूर साथियों द्वारा की गई थी।
इटावा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार त्रिपाठी ने आज यहॉ बताया कि सैफई में 12 जून को नव निर्मित 500 बैड अस्पताल में काम करने वाले मजदूर अनूप की हत्या कर दी गई थी। इस संबंध में मृतक के भाई अजीत पुत्र चन्द्रा सिंह निवासी मुतैना थाना दनकौर जनपद गौतमबुद्धनगर ने थाना सैफई नामजद अभियोग पंजीकृत कराया गया था। घटना में प्रयुक्त रक्त रंजित सरिया को मौके से ही बरामद किया गया।
उन्होंने बताया कि थाना सैफई पुलिस ने गुण दोष के आधार पर कार्यवाही करते हुए आसपास के लोगों से पूछताछ कर कई कड़ियों को जोड़ने के उपरांत मुखबीर की सूचना पर उक्त घटना करने वाले 1 आरोपी को गिरफ्तार किया गया।उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपी ने पूछताछ में बताया कि मृतक अनूप अभियुक्त सिमोन पतरास लेबर क्वार्टर नंबर 12 ब्लाक डी में एक साथ रहते थे तथा पूर्व में मृतक अनूप ने आरोपी सिमोन पतरास से 20000 रूपये उधार लिए गये थे। उन्होंने बताया कि 11 जून की रात्रि को उनके क्वार्टर पर एक अन्य साथी कैलाश आ गया तथा तीनों ने साथ बैठकर शराब पीने के बाद खाना खाया व बातचीत करते हुए आरोपी सिमोन पतरास ने अपने 20000 रूपये वापस मांगे जिस कारण नशे की हालत में मृतक अनूप द्वारा सिमोन पतरास से मारपीट की गई तथा कैलाश के साथ भी गाली गलौज की।
इस कारण दोनों सिमोन पतरास व कैलाश ने मिलकर पास में पड़े सरिया से सिर पर वार कर दिया जो मृतक के माथे पर लगी जिससे अनूप की मृत्यु हो गई। उन्होंने बताया कि सिमोन पतरास पुत्र सलन कुन्डुन्ला निवासी सैमर टोली थाना रनियां जनपद खुंटी झारखंड को गिरफतार कर लिया जबकि दूसरे कैलाश पुत्र फूलन राज निवासी बड़ी कोठिया थाना मुकशिल जनपद खगड़िया बिहार की तलाश में पुलिस टीम जुटी हुई है।