
गोवा में जनवरी में एक लिखित परीक्षा में शामिल हुए सभी 8,000 हजार अभ्यर्थियों के अनुत्तीर्ण होने पर आम आदमी पार्टी (आप) की गोवा इकाई ने प्रदेश सरकार पर युवाओं के साथ क्रूर मजाक करने का आरोप लगाया है। राज्य लेखा विभाग में अकाउंटेंट के 80 पदों के लिए 8,000 युवक परीक्षा में शामिल हुए थे।
आप के महासचिव प्रदीप पडगांवकर ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर के अधिकार में आने वाला शिक्षा मंत्रालय असफल रहा है। उन्होंने परीक्षा प्रक्रिया की न्यायिक जांच की मांग की। पडगांवकर ने कहा, पर्रिकर सबसे ज्यादा समय तक शिक्षा मंत्री रहे हैं। उन्होंने शिक्षा का स्तर गिरा दिया है या इससे यह स्पष्ट है कि सत्तासीन लोगों को उनके मन के उम्मीदवार नहीं मिले, जिससे अन्य लोग निशाने पर आ गए।
आप के प्रदेश पदाधिकारी ने यह भी कहा, सरकार ने गोवा के युवाओं के साथ क्रूर मजाक किया है.. परिणामों में देरी से परीक्षा में राजनीतिक हस्तक्षेप का संदेह उत्पन्न हो गया है और हमने सच जानने के लिए न्यायालय की निगरानी में जांच कराने की मांग की है।
राज्य लेखा विभाग ने मंगलवार को एक अधिसूचना जारी की थी, जिस पर लिखा था, "अकाउंटेंट के पद पर सात जनवरी, 2018 को हुई प्रारंभिक प्रवेश परीक्षा में कोई भी परीक्षार्थी उत्तीर्ण नहीं हुआ है। कोई परीक्षार्थी परीक्षा उत्तीर्ण करने के लिए न्यूनतम अंकों तक नहीं पहुंच सका है।"
सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता सुधारने के लिए ली जाएगी एनआरआई शिक्षकों की मदद
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को कहा कि उनकी सरकार प्रवासी भारतीय शिक्षकों का एक सम्मेलन आयोजित करेगी और उनसे दिल्ली के शिक्षण संस्थानों को विश्वस्तरीय बनाने और राजधानी को 'ज्ञान का केंद्र' बनाने में सहायता लेगी। उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के साथ आम आदमी पार्टी (आप) प्रमुख यहां ओखला में 'इंद्रप्रस्थ इंस्टीट्यूट ऑफ इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी' (आईआईआईटी) के दिल्ली परिसर के दूसरे चरण के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे।