रात भर सजी बैठी रहीं दुल्हनें, बारात लेकर नहीं आए दहेज लोभी

दुल्हनें सज-धज कर रात भर अपने होने वाले पिया का इंतजार करती रहीं, लेकिन दहेज के लोभी बारात लेकर नहीं आए...
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Updated: 4 Jul 2017, 9:53 AM IST
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फर्रुखाबाद. दुल्हनें सज-धज कर रात भर अपने होने वाले पिया का इंतजार करती रहीं, लेकिन दहेज के लोभी बारात लेकर नहीं आए। बेटियों के पिता का कहना है कि वर पक्ष ने शादी से पहले बाइक मांगी थी, जिसे वो दे न सके। इसलिए दहेज के लोभियों ने ऐन वक्त पर बारात लाने से ही मना कर दिया। वहीं, वर पक्ष बारिश की वजह से बारात न ला पाने की बात कहता रहा।

बबरापुर निवासी पातीराम शाक्य ने अपनी तीनों पुत्रियों की शादी का मुहूर्त एक ही दिन निकलवाया था। पिता ने बड़ी बेटी की शादी गांव के दूसरे व्यक्ति के घर और दो बेटियों की शादी थाना छिबरामऊ के गांव सरैया बकरापुर निवासी अर्जुन साहब के पुत्र अमित तथा कुंवरपाल के पुत्र विपिन के साथ तय की थी। घर में खुशी का माहौल था। तीनों बहनें अपने सपनों के राजकुमार का इंतजार कर रही थीं। समय से बारात भी आ पहुंची थी। गांव की लड़कियां दूल्हों के देखने दौड़ पड़ीं। पता चला कि बारात में सिर्फ एक ही दूल्हा है, दो बारातें ही नहीं आई हैं।


सपनों के राजकुमार इंतजार करती रहीं दुल्हनें
दो बारातें नहीं पहुंची तो पिता की चिंता बढ़ी। उन्होंने वर पक्ष को बार-बार फोन मिलाया तो उन्होंने बारिश का बहाना बताकर बारात सुबह लाने की बात की। मरता क्या न करता। बड़ी बहन की शादी होती रही और दोनों छोटी बहनें रात भर दुल्हन के लिबास में बारात का इंतजार करती रहीं, लेकिन सुबह तक भी बारात नहीं पहुंची। सुबह फोन किया तो वर पक्ष ने दहेज में बाइक पहले न देने से बारात लाने से मना कर दिया।

पिता ने पुलिस से की शिकायत
पातीराम ने मामले की शिकायत पुलिस से की। पुलिस को बताया कि उसने तीनों पुत्रियों की शादी एक ही गांव में तय की थी। बारात न आने से 200 आदमियों का खाना बर्बाद हो गया और मेरी दो पुत्रियों की शादी रुक गई। रिश्तेदारों के समझाने के बाद भी वर पक्ष बाइक लेने पर ही अड़ा रहा। नात-रिश्तेदारों ने भी काफी प्रयास किया, लेकिन वर पक्ष बाइक लेने पर ही अड़े थे।


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