जिले में 19 वर्षों से लगातार अपने खर्चे पर देवी की शोभायात्रा निकाल रहे डॉक्टर राकेश तिवारी ने इतिहास कायम कर दिया है।
फर्रुखाबाद. जिले में 19 वर्षों से लगातार अपने खर्चे पर देवी की शोभायात्रा निकाल रहे डॉक्टर राकेश तिवारी ने इतिहास कायम कर दिया है। आज शाम के समय वैष्णो देवी मंदिर भोलेपुर से देवी के स्वरूपों के साथ अन्य झांकिया निकाली गईं, जिसमें सर्वप्रथम भगवान गणेश, दुर्गा देवी, सरस्वती देवी, काली देवी, चामुंडा देवी के पीछे भगवान राम का परिवार, भगवान शंकर पार्वती के स्वरूप में झांकिया निकल रही थीं। इस शोभायात्रा में सबसे अधिक आकषर्ण का केंद्र क्रेन्द्र पर भगवान राधा कृष्ण की झांकी थी। शोभायात्रा की शुरुआत में भक्तों ने डीजे की धुन पर जमकर डांस किया। यात्रा भोलेपुर से फतेहगढ़ कोतवाली, कचहरी, सिविल लाइन, पुलिस लाइन, जिला जेल चौराहा, नवदिया, भूसामण्डी, नेकपुर, आवास विकास, बढ़पुर, लालगेट, घूमना बाजार, चौक, पक्कपुल, तिकोना, टाउनहाल होते हुए गुड़गांव देवी मंदिर पर समापन होगा।
इस शोभायात्रा की विशेष पांच बातें
1- वैष्णो देवी मां की 19 वीं शोभायात्रा में आयोजक किसी भक्त को नहीं बुलाते हैं।
2- यात्रा में बच्चे से लेकर बुजुर्ग माँ की भक्ति में लीन दिखाई देते हैं।
3- यात्रा में 80 प्रतिशत भक्तगण पैरों में बिना कुछ पहने 8 किलोमीटर की दूरी पैदल ही तय करते हैं। उसके देर रात में बसों द्वारा सभी भक्तगण अपने अपने घरों को जाते हैं।
4- शोभायात्रा के ऊपर पूरे रास्ते भक्तगण पुष्पों की वर्षा करते दिखाई देते हैं।
5- हजारों महिलाओं की भीड़ की सुरक्षा के लिए पुलिस फोर्स बहुत ही कम दिखाई देता है लेकिन आज तक कोई घटना नहीं हुई है।
जिले के मां के भक्तों का मानना है कि मैनपुरी, हरदोई, एटा, कन्नौज, बदायू सहित अन्य जिले भी है जहां पर नवरात्र में विना किसी बुलाबे के माता रानी के भक्तगण अपने आप अपने परिवार के साथ शोभायात्रा में शामिल होने जाते हों। कई जिलों के लोग जातिवाद सब कुछ भूलकर केवल माँ देवी के कार्यक्रम में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने आते है। यहां के भक्तों का दावा है कि किसी जिले में इतनी भीड़ कोई आदमी एकत्र करके दिखा दे तो वह अपना सिर कटवा देंगे।