Highlights- गाजियाबाद के मोदीनगर कोतवाली क्षेत्र की घटना- सरोगेसी बिल 2019 पर चल रही बहस के दौरान सामने आया चौंकाने वाला केस- पीड़ित महिला ने कोर्ट में लगाई इंसाफ की गुहार
गाजियाबाद. जहां राज्यसभा (Rajya Sabha) में सरोगेसी बिल 2019 (Surrogacy Bill 2019) को लेकर बहस चल रही है। वहीं गाजियाबाद (Ghaziabad) जिले में इसी से जुड़ा एक अनोखा मामला सामने आया है। जहां खुद का बच्चा नहीं होने पर एक पत्नी ने पहले अपने पति के एक महिला से संबंध बनवाए आैर जब बच्चा हो गया तो उसके साथ पति की शादी करवाकर अरबों रुपये की संपत्ति हड़प ली। अब पीड़िता अपने 4 बच्चों के संग अदालत के चक्कर काटने को मजबूर है। पीड़िता ने कोर्ट (Court) में इंसाफ की गुहार लगाई है। अब इस मामले में अगली सुनवाई 28 नवंबर को की जाएगी।
जानकारी के मुताबिक, मोदीनगर में रहने वाले एक दंपती को शादी के काफी समय बाद भी कोई बच्चा नहीं हुआ था। दंपती के पड़ोस में ही एक महिला रिश्तेदार अपने चार बच्चों व पति के साथ रहती है। उसकी अरबों रुपये की संपत्ति थी। महिला ने बच्चा नहीं होने पर महिला रिश्तेदार से बच्चा करने के लिए कहा। यह सुन पहले तो वह चौंकी फिर उसकी मदद करने के लिए रिश्तेदार महिला ने उसके पति के साथ संबंध बना लिए। कुछ दिन बाद ही वह गर्भवती हो गई। इसके बाद पड़ोसियों को दिखाने के लिए महिला ने भी गर्भवती होने का ढोंग किया। प्रसव पीड़ा के बाद दोनों महिलाएं एक ही एक ही हाॅस्पिटल में भर्ती हुर्इ। 23 नवंबर 2013 को महिला रिश्तेदार ने बेटे को जन्म दिया।
योजना के तहत महिला रिश्तेदार का बच्चा अपने पास ले आई। वहीं, महिला रिश्तेदार के बच्चे को मरा बताते हुए अफवाह फैला दी। हालांकि यह दोनों परिवारों की रजामंदी से हुआ था। आरोप है कि इसके बाद दंपती के मन में लालच आ गया। उन्होंने महिला रिश्तेदार के पति को नशीला पदार्थ खिलाकर बीमार कर दिया। इसके बाद महिला रिश्तेदार के परिवार वालों ने अरबों रुपये की संपत्ति उसके नाम कर दी। संपत्ति नाम होते ही महिला रिश्तेदार ने 21 नवंबर 2016 को अपने पति को तलाक देते हुए दूसरी महिला के पति से शादी कर ली।
अब महिला रिश्तेदार का कहना है कि महिल ने पति के साथ मिलकर उसकी सारी संपत्ति बेच दी है, जिसके चलते वह और उसके चार बच्चे सड़क पर आ गए हैं। वहीं महिला के पति ने भी अब महिला रिश्तेदार को अपने साथ रखने से मना कर दिया है। पीड़िता ने कोर्ट में इंसाफ की गुहार लगाई है। अब इस केस में अगली सुनवाई 28 नवंबर को की जाएगी।