बिना मांगे कार देने के रिटायर्ड सीआईएसएफ जवान ने बेच दी थी चार बीखा जमीन , सात दिन पहले रिश्ता तोड़े जाने पर एसएसपी से की शिकायत, मुकदमा दर्ज के आदेश
गाजियाबाद। हम भले ही आधुनिक जमाने में जी रहे है लेकिन दहेज की कुप्रथा आज भी हमारा पीछा छोड़ने के लिए तैयार नहीं है। ऐसा ही एक मामला महानगर गाजियाबाद में प्रकाश में आया है। जिसमें एक गारमेंट कारोबारी की शादी के लिए एक रूपये पर रिश्ता तय किया गया। सात दिन बाद उसकी शादी होने तय थी लेकिन हफ्तेभर पहले व्यापारी और उसके परिवार के लोगों का मन बदल गया और युवती के पिता से शादी में फॉर्च्यूनर दिए जाने की मांग कर डाली। इस पर ल़ड़की और उसके पिता ने शादी से इंकार कर दिया। मामले के संबंध में एसएसपी से शिकायत की गई। इसके बाद में एसएसपी ने मुकदमा दर्ज किए जाने के आदेश दिए है।
राजनगर एक्सटेंशन में सीआईएसएफ से सेवानिवृत सैनिक (बदला नाम) परिवार के साथ रहते हैं। उन्होने बताया कि बेटी ने बीबीए किया हुआ है। साल 2017 के अंत में उन्होने अपनी बेटी का रिश्ता नंदग्राम में रहने वाले गौरव त्यागी से तय किया था। गौरव दिल्ली के वजीराबाद में गारमेंट की दुकान करता है। शादी का रिश्ता एक रुपए का तय था। मगर उन्होंने अपनी बेटी की पढ़ाई (बीबीए) और परिवार को देखते हुए गाड़ी देने का मन बनाया था। इसलिए पिता की तऱफ से अपनी गांव से चार बीघा पुस्तैनी जमीन शादी के कारण बेच दी।
कई महीनों से लडका और लड़की के घर में शादी का माहौल बना हुआ था। 17 फरवरी को नंदग्राम के सैनी फार्म हाउस में आनी थी। सब कुछ हंसी खुशी चल रहा था। मगर जब लड़के ने उनसे लग्जरी कार फॉच्यूनर की डिमांड की तो मानों उनकी खुशियों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा हो। लड़की पक्ष की तऱफ से सुसराल पक्ष के लोगों को काफी समझाया लेकिन लड़के गौरव और उसके परिवार वाले दहेज में फॉच्यूनर की मांग पर अड़िग रहे। काफी गुहार के बाद भी दहेज के दानवों का मन नही पसीजा तो शादी से इंकार कर दिया गया।
एसएसपी हरिनारायण सिंह ने बताया कि पीड़ित परिवार की तऱफ से इसके संबंध में शिकायत की गई है। सम्बन्धित थाना प्रभारी को इसके संबंध में दिशा निर्देश दिए गए है। दहेज लोभियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की जाएगी।