
Cattle Smuggling in UP: गाजीपुर में पशु तस्करी का एक अनोखा मामला सामने आया है। तस्करों ने सड़क मार्ग को छोड़कर अब नदी के मार्ग तस्करी शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि उत्तर प्रदेश से पशुओं को नाव में लादकर बिहार ले जा रहे पशु तस्करों को नाविकों ने देख लिया। इसके बाद करीब 10 किलोमीटर तक पीछा करके नाव को टक्कर मारकर पशुओं से भरी नाव को रोका गया। हालांकि, इस दौरान पशु तस्करी कर रहे तस्कर गंगा नदी में छलांग लगाकर भागने में कामयाब रहे। वहीं, इस घटना में पीछा कर रही एक नाव के चालक को भी चोटें आई हैं, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश से दो नाव में करीब 60 पशुओं को लदकर बिहार जा रहे तस्करों पर गहमर के रामपुर घाट के नविकों की नजर पड़ गई। इसके बाद नाविकों ने 10 किलोमीटर तक पीछा करने के बाद मुबारकपुर घाट के पास गंगा नदी में पशुओं से भरी नाव में टक्कर मारकर उसे रोक लिया। बताया जा रहा है कि इस दौरान नाव में सवार तस्कर गंगा नदी में छलांग लगाकर भाग निकले। टक्कर के बाद काफी देर तक गंगा नदी में नावें घूमती रहीं, जिससे नविको ने किनारे पर लाकर पुलिस को सूचना दी।
घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने दोनों नाव को कब्जे में ले लिया है। इस दौरान दोनों नाव पर करीब 60 पशु लादे गए थे, जिन्हें गौ आश्रय गृह भेज दिया गया है। वहीं पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज करके आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया है कि पशुओं से भरी नाव में टक्कर मारने के दौरान पीछा कर रहा एक नाविक भी घायल हो गया है, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि, नाव पर कितने लोग सवार थे अभी इस बारे में कोई जानकारी नहीं हो पाई है।
एसपी ग्रामीण अतुल कुमार सोनकर के मुताबिक, नाव से बरामद पशु सकुशल हैं और कोई घायल नहीं हुआ है। उन्होंने बताया कि नाव में कितने पशु तस्कर सवार थे, अभी इस बात की जानकारी नहीं हो पाई है। हालांकि, अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज करके आगे की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चार टीमों का गठन किया गया है। पुलिस के मुताबिक, बरामद की गई दोनों नाव किसकी है, इस बारे में भी जानकारी की जा रही है। पुलिस ने बताया है कि प्रारंभिक जानकारी में यह पता चला है कि पशुओं को बिहार पहुंचाया जा रहा था, लेकिन इसे लाया कहां से जा रहा था, अभी इस बारे में जानकारी नहीं हो पाई है।