बड़हलगंज क्षेत्र में अवैध असलहा बनाने वाले गैंग का खुलासा, चार गिरफ्तार
गोरखपुर। गोरखपुर पुलिस के खाते में एक और सफलता जुड़ गई है। बड़हलगंज पुलिस ने अवैध असलहा बनाने वाले गैंग का भंड़ाफोड़ किया है। सरगना समेत चार लोग भी पुलिस के हत्थे चढे़ हैं। नवलपुर बंधे के पास एक झोपड़ी में से पुलिस को तमंचा और असलहा बनाने के उपकरण भी मिले हैं। गिरफ्तार किया गया असलहा तस्कर पूर्व मंे भी हत्या, लूट के मामले में लिप्त रहा है और जेल की हवा खा चुका है।
पुलिस की इस सफलता की जानकारी देते हुए एसपी दक्षिणी ज्ञान प्रकाश चतुर्वेदी ने बताया कि बृहस्पतिवार को पुलिस को असलहा गैंग के बारे में सूचना मिली। सुबह करीब पांच बजे बड़हलगंज एसओ दिलीप कुमार शुक्ला ने नवलपुर बंधे के पास टीम लेकर छापेमारी के लिए घेराबंदी की।
एसपी चतुर्वेदी ने बताया कि जांच में पुलिस ने बाइक व तमंचे के साथ झंगहा क्षेत्र के टमटा गांव के रहने वाले भोरिक यादव और रावतपार के रहने वाले गोविंद यादव को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान बंधे पर स्थित एक झोपड़ी की तलाशी ली गई। अंदर पहुंच पुलिस टीम अवाक रह गई। उन्होंने बताया कि अंदर असलहा बनाने के उपकरण रखे हुए थे। पुलिस टीम ने झोपड़ी के अंदर से तमंचा, कारतूस, ड्रील, डाई, ग्राइंडर मशीन, हथौड़ी, राड समेत अन्य उपकरण बरामद किए। एसपी के अनुसार झोपड़ी से ही टमठा गांव के सोहन और अजय विश्वकर्मा मौजूद थे। इनको भी पुलिस टीम ने निर्मित, अर्धनिर्मित तमंचे के साथ गिरफ्तार किया गया। ये दोनों आरोपी सगे भाई हैं।
डेढ़ से दो हजार में बेचते थे तमंचा
पुलिस के अनुसार जब आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की गई तो इन लोगों ने बताया कि यहां वर्षों से झोपड़ी में ही तमंचा बनाया जाता है।
एक तमंचे की कीमत करीब डेढ़ से दो हजार रुपये मिल जाता था। तमाम एजेंट आर्डर पर तमंचा बनवाते थे और उसे ले जाकर बाहर बेच देते थे। एसपी ने बताया कि बृहस्पतिवार को आरोपियों ने भोरिक व गोविंद को तमंचा सप्लाई के लिए ही बुलाया था। एसपी साउथ के अनुसार गोविंद यादव पर हत्या, लूट समेत आठ केस दर्ज हैं। वह झंगहा थाने का गैंगेस्टर है। सोहन विश्वकर्मा भी आर्म्स एक्ट में जेल जा चुका है।