गोरखपुर में बीते कुछ दिनों से व्यापारियों और पुलिस प्रशासन में ट्रैफिक सिस्टम को लेकर नूरा कुश्ती चल रही थी, इसको लेकर शहर के मुख्य मार्केट गोलघर के व्यापारियों ने बंदी की घोषणा की थी, लेकिन एसपी ट्रैफिक के प्रयासों से व्यापारियों और अधिकारियों के बीच हुई बैठक में कई बिंदुओं पर सहमति बन है।
गोरखपुर में ट्रैफिक सिस्टम को दुरुस्त करने को लेकर ट्रैफिक पुलिस लगातार सख्त रुख अख्तियार कर रही है, इस बीच गोलघर मार्केट के व्यापारियों द्वारा इन अभियानों से व्यापार प्रभावित होने का आरोप लगाया और गोलघर बंदी की घोषणा किए। इसके बाद प्रशासन सक्रिय हुआ और व्यापारियों से सीधे बातचीत की पहल की गई। इसी क्रम में एसपी ट्रैफिक अमित श्रीवास्तव ने व्यापार मंडल अध्यक्ष नितिन कुमार जायसवाल से संपर्क कर पुलिस लाइन में बैठक आयोजित कराई।
इस बैठक में अधिकारियों और व्यापारियों के बीच विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में अपर नगर आयुक्त अमित कुमार और एडीएम (एलआर) की मौजूदगी में व्यापारियों की समस्याओं को सुना गया। चर्चा के दौरान अधिकांश मुद्दों पर सहमति बनी और प्रशासन ने स्पष्ट किया कि शहर की व्यवस्था और व्यापार दोनों के संतुलन को ध्यान में रखते हुए निर्णय लिए जाएंगे। गोलघर क्षेत्र में यातायात व्यवस्था को देखते हुए सौ ई-रिक्शा को अस्थायी रूप से संचालन की अनुमति देने पर सहमति बनी। इसके साथ ही अयोध्या की तर्ज पर इलेक्ट्रॉनिक गोल्फ कार्ट चलाने की योजना भी बनाई गई है। अधिकारियों ने बताया कि इस व्यवस्था के लिए जल्द ही टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
मुख्य मार्केट में सड़क किनारे अव्यवस्थित पार्किंग को नियंत्रित करने के लिए सफेद लाइन के अंदर ही वाहनों को खड़ा करने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए अपर नगर आयुक्त और एसपी ट्रैफिक अपनी टीम के साथ क्षेत्र का निरीक्षण कर पार्किंग जोन चिन्हित करेंगे और उसी के अनुसार लाइन खींची जाएगी। साथ ही प्रवर्तन दल और ट्रैफिक पुलिस के व्यवहार को बेहतर बनाने पर भी विशेष जोर दिया गया। इसके साथ ही ट्रैफिक एनाउंस सिस्टम और बेहतर बनाया जाएगा, चटोरी गली में दोपहिया वाहनों के संचालन को लेकर भी जल्द निर्णय लेने का आश्वासन दिया गया। बैठक में कई व्यापारियों ने अपनी समस्याएं अधिकारों के सामने रखीं।