यूपी दारोगा की परीक्षा में ब्राह्मण समाज को इंगित करते हुए आए प्रश्न पर जहां ब्राह्मणों में आक्रोश है वहीं जिले के कैंपियरगंज सीट से बीजेपी विधायक ने भी कड़ी नाराजगी जताई है।
उत्तर प्रदेश दरोगा भर्ती परीक्षा में ब्राह्मण समाज को टारगेट करने वाले विवादित प्रश्न पर अब गोरखपुर के बीजेपी विधायक फतेहबहादुर सिंह ने भी टिप्पणी की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर लिखा है कि इस तरह के प्रश्न अत्यंत निंदनीय हैं। किसी भी समाज या वर्ग के प्रति अपमानजनक भाषा का प्रयोग करना न केवल सामाजिक सद्भाव को आहत करता है बल्कि हमारी लोकतांत्रित मर्यादाओं के भी विपरीत है। विधायक फतेह बहादुर सिंह की ओर से इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई।
बता दें कि कैंपियरगंज विधायक फतेह बहादुर सिंह पूर्व मुख्यमंत्री वीर बहादुर सिंह के पुत्र हैं। बसपा सरकार में कद्दावर मंत्री भी रहे हैं। सातवीं बार विधानसभा के सदस्य हैं। दरोगा भर्ती परीक्षा में पूछे गए इस विवादित प्रश्न के लेकर कई नेताओं ने टिप्पणी की थी। लेकिन गोरखपुर से एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह के अलावा किसी ने अपनी बात नहीं रखी थी। यहां दो ब्राह्मण विधायक भी हैं। विधायक फतेह बहादुर सिंह की ओर से इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई। इस पोस्ट के कमेंट में भी पूर्व मंत्री के इस टिप्पणी को खूब समर्थन मिला है। कई लोगों ने यह मामला सदन में उठाने की सलाह भी दी है।
इस बावत विधायक फतेह बहादुर सिंह न कहा कि भारत अनेकता में एकता जैसे भाव वाला देश है। यहां हर जाति, वर्ग और समुदाय ने राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। ब्राह्मण समाज ने भी शिक्षा, संस्कृति, ज्ञान और राष्ट्र सेवा के क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभाई है। इसलिए किसी भी प्रकार की टिप्पणी जो किसी समाज की गरिमा को ठेस पहुंचाए, वह स्वीकार्य नहीं हो सकती।
फतेह बहादुर ने कहा कि पुलिस भर्ती जैसे महत्वपूर्ण विषय को जातीय टिप्पणी और सामाजिक विभाजन बनाना उचित नहीं है। यह समय समाज को बांटने का नहीं बल्कि एकजुट होकर देश और प्रदेश की प्रगति के लिए कार्य करने का है। विधायक ने अपील की है कि वे अपनी भाषा और व्यवहार में संयम रखें तथा समाज में आपसी सद्भाव बनाए रखने का प्रयास करें। विधायक फतेह बहादुर सिंह की ओर से इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई।